नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । राजधानी दिल्ली में सत्ता से बाहर होने के बाद आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपने छात्र विंग का गठन किया था। पार्टी ने अपने संगठन में विस्तार और जमीनी स्तर पर अपने आधार को मजबूती करने के लिए छात्र शाखा को एक नई ऊर्जा और जोश के साथ लॉन्च किया था। वही, अब खबर है कि स्टूडेंट विंग ने शुक्रवार को दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) के उन छात्रों को समर्थन देने का ऐलान किया है, जो छात्र संघ चुनाव लड़ना चाहते हैं लेकिन आर्थिक रूप से कमजोर है।
AAP ने इस नए कदम का मकसद है विश्वविद्यालय कैंपस की राजनीति में पैसे और बाहुबल के प्रभुत्व को समाप्त करना बताया गया है। AAP की युवा शाखा ‘एसोसिएशन ऑफ स्टूडेंट्स फॉर अल्टरनेटिव पॉलिटिक्स’ (ASAP) ने एक ऑफिशियल बयान में कहा कि इस स्कीम जरिए आवेदन 15 से 25 अगस्त तक स्वीकार किए जाएंगे।
अब योग्यता और नेतृत्व क्षमता पर तय होगा चुनाव
इस संबंध में अधिक जानकारी देते हुए AAP दिल्ली के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा, “अगर किसी छात्र में क्षमता है, लेकिन वो आर्थिक रुप से कमजोर है, तो हम उसे पूरी तरह से सहयोग और समर्थन करेंगे।
उन्होंने आगे कहा कि यह कदम साफ-सुथरी और निष्पक्ष राजनीति की ओर पहला कदम है। उन्होंने जोर देकर कहा कि अब छात्र संघ चुनाव केवल पैसों या बाहुबल से नहीं, बल्कि छात्र की योग्यता और नेतृत्व क्षमता से तय होंगे।
”एक स्वच्छ राजनीति की शुरुआत कॉलेज से होनी चाहिए”
AAP विधायक संजीव झा ने कहा, “हमने सोचा है कि छात्रों की प्रतिभा को कार या नकदी से नहीं, बल्कि योग्यता से तय किया जाए। नेतृत्व कौशल, वाकपटुता और योग्यता ही मापदंड होंगे। अगर हम स्वच्छ राजनीति चाहते हैं, तो इसकी शुरुआत कॉलेज से होनी चाहिए।”
”किसी भी योग्स छात्र का सपना अधूरा ना रहे”
इस स्कीम के जरिए छात्र अपने आवेदन जमा कर सकेंगे और योग्य पाए जाने पर उन्हें चुनाव लड़ने के लिए सहयोग और समर्थन किया जाएगा। हमारे इस कदम का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक बाधाओं के कारण किसी भी योग्य छात्र का राजनीतिक सपना अधूरा न रह जाए।
बता दें कि, दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव इस साल 18 सितंबर को होंगे और चुनाव के परिणाम 19 सितंबर को जारी किए जाएंगे। छात्र संघ चुनाव अब तक यहीं होता आ रहा है कि बड़ी पार्टियों के समर्थक और पैसे वाला छात्र ही आसानी से चुनाव जीत जाते हैं। AAP की यह पहल इसे बदलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।




