नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। राजधानी दिल्ली में सोमवार शाम लाल किले के पास हुए कार ब्लास्ट ने पूरे शहर को दहशत में डाल दिया है। धमाके में कई लोगों की मौत हुई और कई घायल बताए जा रहे हैं। अब पुलिस, एनएसजी और एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) की टीमें मिलकर जांच में जुटी हैं।
धमाका होते ही दिल्ली में हाई अलर्ट
धमाके के बाद से दिल्ली पुलिस, स्पेशल सेल और एनएसजी की टीमें लगातार मौके पर तैनात हैं। रात भर पहाड़गंज, दरियागंज, कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में सर्च ऑपरेशन चला। पुलिस ने होटलों, लॉज और गेस्ट हाउसों के रजिस्टर चेक किए, ताकि यह पता लगाया जा सके कि पिछले 48 घंटे में किन लोगों ने वहां रुकने की बुकिंग की थी।
चार संदिग्धों को हिरासत में लिया गया
अब तक की जांच में चार संदिग्धों पर शक जताया गया है। इनसे पूछताछ जारी है, हालांकि पुलिस ने अभी तक उनकी पहचान या गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। साथ ही, 100 से ज़्यादा CCTV फुटेज खंगाले जा चुके हैं ताकि धमाके से जुड़ी हर कड़ी को जोड़ा जा सके।
CCTV में दिखी संदिग्ध कार की कहानी
पुलिस सूत्रों के अनुसार, सफेद रंग की i20 कार दोपहर करीब 3:19 बजे लालकिला पार्किंग में आकर खड़ी हुई थी। यह लगभग तीन घंटे तक वहीं रही और फिर शाम 6:48 बजे पार्किंग से बाहर निकली। धमाके के वक्त इलाके में काफी भीड़ थी। अब पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि कार वहां किसने लाकर खड़ी की कौन उसमें बैठा था और वह कार कहां से आई और कहां गई। बॉडी पार्ट्स मिले, विस्फोटक के निशान की जांच डीसीपी नॉर्थ राजा बंथिया ने बताया कि कार से कुछ बॉडी पार्ट्स बरामद किए गए हैं। एफएसएल की टीम उन्हें इकट्ठा कर रही है और प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा जाएगा। उन्होंने कहा ,“अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी। एफएसएल की टीम विस्फोट के निशान ढूंढ रही है। सभी साक्ष्य सावधानी से इकट्ठा किए जा रहे हैं। एफएसएल अधिकारी मोहम्मद वाहिद ने कहा कि सभी नमूने लैब में जांच के बाद ही कोई निष्कर्ष निकाला जा सकेगा।





