नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। छत्तीसगढ़ के बीजापुर में एक पत्रकार की हत्या कर दी गई है। पत्रकार का नाम मुकेश चंद्राकर है, वह 1 जनवरी से लापता थे। उनका शव 3 जनवरी को बीजापुर के चट्टानपारा बस्ती में एक सेप्टिक टैंक के अंदर मिला। उनकी हत्या के बाद सेप्टिक टैंक को सीमेंट की शीट से सील भी कर दिया गया था। मुकेश चंद्राकर अपनी खबरों से भ्रष्टाचार उजागर करते थे। वह बस्तर जंक्शन नाम का यूट्यूब चैनल चलाते थे और इस चैनल के 1 लाख 61 हजार सब्सक्राइबर्स थे। इसके साथ ही वह एनडीटीवी के लिए भी रिपोर्ट किया करते थे। इस हत्या का शक स्थानीय ठेकेदार सुरेश चंद्राकर और उसके भाई रितेश चंद्राकर पर है।
क्या था मामला?
बीजापुर के स्थानीय स्वतंत्र पत्रकार मुकेश चंद्राकर बीते 1 जनवरी के रात 8 बजे से लापता हुए थे। और उनका फोन भी स्विच ऑफ आने लगा था। वहीं कहीं कोई खोज खबर ना मिलने पर दूसरे दिन मुकेश चंद्राकर के भाई यूकेश चंद्राकर ने बीजापुर कोतवाली में जाकर अपने भाई के लापता होने की रिर्पोट दर्ज कराई। वहीं पुलिस द्वारा 3 जनवरी को मुकेश की लाश सेप्टिक टैंक से जब्त किया गया। पुलिस ने मुख्य आरोपी सुरेश चंद्राकर को हैदराबाद से और रितेश चंद्राकर को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया है।
सेप्टिक टैंक को कंक्रीट से सील किया गया था।
स्वतंत्र पत्रकार मुकेश चंद्राकर का शव एक ऐसे सेप्टिक टैंक से बरामद हुआ जिसे हाल ही में कंक्रीट से सील किया गया था। उनके शरीर पर कई प्रकार की चोटें भी हैं। जब शब बरामद किया गया तब वह पूरी तरह फूल चुका था और उनकी पहचान उनके कपड़ों से की गई। बीजापुर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि जहां मुकेश का शव मिला है, उस परिसर में सुरेश चंद्राकर के कर्मचारी रहते हैं।
स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक, पत्रकार मुकेश ने हाल ही में ठेकेदार सुरेश चंद्राकर के खिलाफ सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार की रिपोर्ट दिखाई थी और इसी वजह से सुरेश चंद्राकर खार खाए बैठा था। इस वजह से मुकेश चंद्राकर और उसके भाई रितेश चंद्राकर को मुख्य आरोपी बनाया गया है।
घटिया सड़क निर्माण का पर्दाफाश किया था
मुकेश चंद्राकर ने बीजापुर जिले के गंगालूर से नेलशनार तक बन रही सड़क के घटिया निर्माण को लेकर खबर बनाई थी। इस रिपोर्ट में उन्होंने घटिया निर्माण को खुलकर दिखाया था। इस खबर के बाद लोक निर्माण विभाग द्वारा इसकी जांच भी शुरू कर दी गई थी। स्थानीय पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या के बाद सदमे में हैं। उनका कहना है कि नए साल के पहले दिन सुनियोजित तरीके से ठेकेदार का भाई रितेश चंद्राकर मुकेश चंद्राकर को अपने साथ यार्ड ले गया। इसके बाद अन्य आरोपियों के साथ मिलकर पत्रकार मुकेश के सिर पर कुल्हाड़ी से वार कर, शरीर पर धारदार हथियार से वार कर उनकी हत्या कर दी गई। हत्या के बाद पत्रकार के शव को सेप्टिक टैंक में फेंक चुनवा दिया गया। इस सेप्टिक टैंक पर मोटी कंक्रीट बिछा दी गई थी। जिसे पुलिस द्वारा जेसीबी से तोड़ कर शव को बरामद किया गया।
आज शव का किया जाएगा अंतिम संस्कार
आज 4 जनवरी पत्रकार मुकेश चंद्राकर के शव का अंतिम संस्कार किया जाएगा। इस घटना के बाद छत्तीसगढ़ के स्थानीय पत्रकारों में काफी रोष है। वहीं मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष रमन सिंह, पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज समेत पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए शोक व्यक्त कियाहै. वहीं छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने हत्या के आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने कड़े निर्देश दिए हैं।




