नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । हरियाणा में शनिवार को कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट (CET) आयोजित किया जा रहा है। इस परीक्षा को सफल बनाने के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। सरकार ने परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए लगभग 12,000 मुफ्त बसें उपलब्ध कराई हैं। इसके अलावा, सुरक्षा व्यवस्था के लिए 5,000 पुलिस जवान तैनात किए गए हैं। कुल मिलाकर लगभग 14 लाख अभ्यर्थी इस परीक्षा में भाग लेने वाले हैं।
CET परीक्षा को लेकर बोली गृह सचिव सुमिता मिश्रा
गृह सचिव सुमिता मिश्रा ने बताया कि सरकार और मुख्यमंत्री इस परीक्षा को बहुत गंभीरता से ले रहे हैं। इस सिलसिले में कई उच्चस्तरीय बैठकें आयोजित की गई हैं, जिनमें परीक्षा की हर बारीकी का ध्यानपूर्वक मूल्यांकन किया गया। उन्होंने बताया कि परीक्षा के दौरान पुलिस विभाग की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होगी। सभी परीक्षा केंद्रों के बाहर भारतीय दंड संहिता की धारा 163 (BNS 163) लागू कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों को पेट्रोलिंग बढ़ाने और ट्रैफिक नियंत्रण कड़ा करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि ट्रैफिक जाम से बचा जा सके और अभ्यर्थी समय पर परीक्षा केंद्रों पर पहुंच सकें।
CET परीक्षा को लेकर कड़े इंतजाम
CET परीक्षा को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए हैं। राज्य के हर जिले में कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं ताकि किसी भी स्थिति पर तुरंत कार्रवाई की जा सके। परीक्षा केंद्रों में केवल अधिकृत व्यक्तियों को ही प्रवेश की अनुमति होगी। पूरी परीक्षा प्रक्रिया की वीडियोग्राफी अनिवार्य की गई है, जिससे पारदर्शिता बनी रहे। पुलिस बल की बड़ी तैनाती की गई है। 5000 से अधिक जवान ड्यूटी पर रहेंगे। सेंसिटिव केंद्रों की पहचान कर ली गई है और वहां खुफिया रिपोर्ट के आधार पर अतिरिक्त फोर्स तैनात की जा रही है। सुरक्षा के लिहाज से परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में पार्किंग पर रोक लगाई गई है और फोटोकॉपी की दुकानों को भी बंद रखने का निर्देश दिया गया है।
संदिग्धों पर कड़ी निगरानी, कोचिंग सेंटर बंद रहेंगे
गृह सचिव सुमिता मिश्रा ने कहा कि यदि किसी जिले को लगता है कि परीक्षा के दौरान इंटरनेट सेवाएं बंद करना आवश्यक है, तो उस प्रस्ताव पर विचार किया जाएगा। सुरक्षा और पारदर्शिता के मद्देनजर राज्यभर में 150 से 200 सेंसिटिव परीक्षा केंद्रों की पहचान की गई है, जिन पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
उन्होंने बताया कि पूर्व में जिन परीक्षाओं में पेपर लीक जैसी आशंकाएं सामने आई थीं, उन मामलों से जुड़े संदिग्ध व्यक्तियों की सूची तैयार की गई है और उन पर नजर रखी जा रही है। साथ ही, सभी कोचिंग सेंटरों पर विशेष निगरानी के निर्देश दिए गए हैं और परीक्षा के दिन उन्हें बंद रखने का आदेश जारी किया गया है। गृह सचिव ने विश्वास जताया कि इस बार की CET परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष और व्यवस्थित होगी। उन्होंने कहा, “मुझे उम्मीद है कि यह हरियाणा के इतिहास की सबसे बेहतरीन CET परीक्षा होगी।”
CET में 14 लाख परीक्षार्थी रचेंगे इतिहास
हरियाणा में पहली बार इतनी बड़ी संख्या में होने जा रही कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट (CET) को लेकर शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने परीक्षा में शामिल हो रहे लगभग 14 लाख अभ्यर्थियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं। मीडिया से बातचीत में शिक्षा मंत्री ने बताया कि परीक्षा केंद्रों की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। परीक्षा को देखते हुए सभी सरकारी और निजी स्कूलों में छुट्टी की घोषणा कर दी गई है। उन्होंने कहा कि अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए परिवहन व्यवस्था पूरी तरह से व्यवस्थित की गई है, ताकि किसी को आने-जाने में परेशानी न हो।
बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी इंतजाम किए गए हैं। मंत्री ने कहा कि CET परीक्षा के माध्यम से हरियाणा में इतिहास रचा जाएगा, क्योंकि पहली बार इतने बड़े पैमाने पर अभ्यर्थी परीक्षा में भाग ले रहे हैं। करीब 20,000 अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड न मिलने के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह संभवतः तकनीकी गलती है, जिसे जल्द ठीक किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मामला फिलहाल हाईकोर्ट में विचाराधीन है। शिक्षा मंत्री ने बताया कि हर गांव और जिले से अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाने के लिए विशेष बस सेवाएं उपलब्ध कराई गई हैं, जिनकी ऑनलाइन बुकिंग पहले ही की जा चुकी है। CET परीक्षा 26 और 27 जुलाई को दो शिफ्टों में आयोजित की जाएगी।
महिला अभ्यर्थियों के साथ एक पारिवारिक सदस्य भी जा सकेगा
CET परीक्षा के दौरान महिला अभ्यर्थियों को रोडवेज की तरफ से एक अतिरिक्त सुविधा दी जा रही है। हरियाणा रोडवेज के मुताबिक, महिला परीक्षार्थियों के साथ एक पारिवारिक सदस्य को सहायक के रूप में निःशुल्क बस यात्रा की सुविधा दी जाएगी। इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए केवल एडमिट कार्ड दिखाना जरूरी होगा।
सुबह की शिफ्ट (10:00–11:45) में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को सुबह 7:00 बजे तक और शाम की पाली (15:15–17:00) के लिए दोपहर 12:00 बजे तक परीक्षा केंद्र के नजदीकी बस अड्डे तक पहुंचा दिया जाएगा। जहां संभव होगा, वहां से परीक्षा केंद्र तक अंतिम पड़ाव के लिए शटल सेवा भी निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी। यह पहल विशेष रूप से महिला अभ्यर्थियों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए की गई है, ताकि वे बिना किसी असुविधा के परीक्षा में शामिल हो सकें।




