नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। 7 मई 2025 को भारतीय सेना ने “ऑपरेशन सिंदूर” के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में आतंकियों के ठिकानों पर सटीक एयर स्ट्राइक की। यह कार्रवाई पहलगाम में हुए आतंकी हमले का बदला थी, जिसमें 25 भारतीय पर्यटकों और 1 नेपाली नागरिक की जान गई थी।
प्रेस ब्रीफिंग में विदेश सचिव विक्रम मिस्त्री ने दिए अहम बयान
ऑपरेशन सिंदूर को लेकर भारतीय सेना और विदेश मंत्रालय ने संयुक्त प्रेस ब्रीफिंग की। विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने बताया कि लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े आतंकियों ने इस हमले को अंजाम दिया और जानबूझकर पर्यटकों के सिर में गोली मारी, ताकि ज़्यादा से ज़्यादा दहशत फैलाई जा सके।
पहलगाम हमले का लिया बदला, पाकिस्तान और PoK में घुसे भारतीय जवान
भारत ने 6 और 7 मई की दरम्यानी रात को एक बड़ा ऑपरेशन अंजाम दिया। भारतीय सेना, वायु सेना और नौसेना ने मिलकर पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर (POJK) में आतंकियों के 9 ठिकानों को तबाह कर दिया। इस कार्रवाई को “ऑपरेशन सिंदूर” नाम दिया गया है।
केवल आतंकियों को बनाया गया निशाना, आम नागरिकों का रखा गया पूरा ध्यान
इस ऑपरेशन की जानकारी देते हुए कर्नल सोफिया कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने बताया कि यह मिशन पूरी तैयारी और सतर्कता के साथ चलाया गया। खास ध्यान रखा गया कि किसी आम नागरिक को नुकसान न पहुंचे। सभी हमले सिर्फ आतंकी संगठनों के ठिकानों पर किए गए।
1:05 से 1:30 बजे तक चला ऑपरेशन, मारे गए 900 आतंकी
ऑपरेशन सिंदूर रात 1:05 बजे शुरू हुआ और 1:30 बजे तक चला। इस दौरान लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद और हिज्बुल मुजाहिदीन जैसे आतंकी संगठनों के ठिकानों को निशाना बनाया गया। बताया गया कि इन ठिकानों पर लगभग 900 आतंकी मौजूद थे। कर्नल सोफिया ने बताया कि “मरकज सुभानअल्लाह” जैश-ए-मोहम्मद का मुख्यालय था, जहां आतंकियों को ट्रेनिंग दी जाती थी। इस जगह को भी ऑपरेशन के दौरान खत्म कर दिया गया।
भारत ने किया अपने हक का इस्तेमाल – विक्रम मिस्त्री
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार विक्रम मिस्त्री ने कहा कि भारत ने यह कदम अपने आत्मरक्षा के अधिकार में उठाया है। उन्होंने बताया कि पहलगाम हमला देश में सांप्रदायिक तनाव बढ़ाने की साजिश थी, और पाकिस्तान ने इसके खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाया। उल्टा भारत पर ही आरोप लगाए। कर्नल सोफिया ने साफ कहा कि भारत किसी भी तरह की हिमाकत को बर्दाश्त नहीं करेगा। अगर पाकिस्तान फिर कोई गलत कदम उठाएगा, तो उसे फिर करारा जवाब दिया जाएगा।




