नई दिल्ली /रफ्तार डेस्क । प्रयागराज की स्काई डाइवर अनामिका शर्मा ने बैंकॉक में इतिहास रच दिया है। अनामिका शर्मा ने 14 हजार फीट की ऊंचाई से छलांग लगाकर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का झंडा फहराकर भारतीय सेना की पराक्रम और शौर्य के प्रति सम्मान तथा समर्थन का संदेश दिया है। अनामिका शर्मा ने गुरुवार सुबह 11 बजे लगाई गई यह छलांग देशभक्ति और साहस का प्रतीक बन गई। उसने थाइलैंड में एक बड़ा कारनाम कर दिखाया है।
उत्तरप्रदेश के प्रयागराज की बेटी और देश की सबसे कम उम्र की स्काई डाइवर अनामिका शर्मा ने ऑपरेशन सिंदूर को अपने अलग अंदाज सेलिब्रिट किया है। उन्होने देश की सेना और देश के लोगों का मनोबल बढ़ाया है। देश की बेटी अनामिका शर्मा ने विदेश की धरती थाइलैंड के बैंकाक में आपरेशन सिंदूर के समर्थन में “आपरेशन सिंदूर” का झंडा लेकर आसमान से 14000 फीट से छलांग लगाई है। उन्होने एक बड़ा कारनाम किया है।
यह इतिहास अनामिका शर्मा ने गुरुवार को भारतीय समय के अनुसार सुबह 11 बजे के करीब किया है। अनामिका शर्मा यूपी के प्रयागराज से आती है। उन्होने विदेशी धरती पर देश और सेना का शौर्य बढ़ाया है। भारत की अकेली महिला स्काई डाइविंग प्रशिक्षक के स्काई डाईवर का खिताब अपने नाम दर्ज कराने वाली हैं।
महाकुम्भ में भी किया था कारनामा
अनामिका शर्मा यूपी के प्रयागराज से तालुक रखती है। अभी हाल ही में समापन हुआ महाकुंभ का जिसमें अनामिका शर्मा ने “सर्व सिद्धि प्रदः कुंभ ” का झंडा लेकर बैंकॉक के आसमान से ही दुनिया को प्रयागराज के महाकुंभ में आने का निमंत्रण दिया था। अनामिका के इस योगदान को उत्तर प्रदेश की सरकार, मेला प्रशासन सहित पूरे देश ने सराहा था।
राम मंदिर का भी ध्वज फहराया था
अनामिका शर्मा ने इससे पहले जनवरी 2024 में संगम नगरी की 23 वर्षीय स्काई डाइवर ने भी विदेशी धरती पर राम मंदिर का ध्वज फहराते हुए एक अनूठे तरीके से अपनी खुशी जाहिर की है। अनामिका ने थाईलैंड में 13 हजार फीट की उंचाई से राम मंदिर के ध्वज के साथ स्काई डाइव कर अपनी आस्था और खुशी को दुनिया के सामने जाहिर किया था।
इससे पहले रोडियो स्काई डाइव जंप में रचा इतिहास
यूनाइटेड स्टेट पैराशूट एसोसिएशन (USPA ) का सी कैटेगरी का स्काई डाइविंग लाइसेंस हासिल कर चुकीं अनामिका ने इसके पहले रोडियो स्काई डाइव जंप में इतिहास रच चुकी है। उन्होंने थाईलैंड के रेयांग शहर में आसमान से 13000 फीट की ऊंचाई से छलांग लगाई थी। इस दौरान उनके हाथ में राम मंदिर का झंडा भी था। अनामिका ने कहा था कि वह प्रभु श्री राम की प्राण प्रतिष्ठा को लेकर वह बहुत उत्साहित हैं। भगवान राम के भव्य राम मंदिर को सम्मान देने के लिए ही उन्होंने ध्वज के साथ छलांग लगाई है।





