गोेपेश्वर, 03 जून (हि.स.)। चमोली जिले के स्वास्थ्य विभाग में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) की ओर से तैनात 248 कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर होम आइसोलेशन में चले गये हैं। जिससे चमोली जिले में स्वास्थ्य सेवाओं के सुचारु संचालन में विभाग को परेशानियाें का सामना करना पड़ रहा है। चमोली जिले में एनएचएम के तहत 17 चिकित्सक, 53 सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी, 35 स्टॉफ नर्स, 26 एएनएम, नौ विकास खंड कार्यक्रम प्रबंधक, आठ विकास खंड स्तरीय लेखाधिकारी, आठ कम्प्यूटर ऑपरेटर, नौ आशा कार्डिनेटर, 42 आशा फेसिलेटर, पांच काउंसलर और 50 आउसोर्स कर्मचारी तैनात किये गये हैं।लेकिन इन दिनों एनएचएम में तैनात कर्मचारी समान कार्य, समान वेतन सहित नौ सूत्रीय मांगों पर कार्रवाई न होने के विरोध में होम आइसोलेशन में चले गए हैं। जिससे जिले में एनएचएम के कार्यक्रम पूरी तरह ठप हो गये हैं। साथ ही कोविड के सैम्पलिंग, टीकाकरण, दवाई वितरण तथा होम आइसोलेशन में रखे गये कोविड मरीजों की देखभाल जैसे कार्य प्रभावित हो रहे हैं। इस संबंध में एनएचएम संविदा कर्मचारी संघ के अध्यक्ष राहुल बिष्ट ने बताया कि संगठन की ओर से समान कार्य, समान वेतन सहित नौ सूत्रीय मांगों को लेकर कोई कार्रवाई न होने पर आंदोलन किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कोविड ड्यूटी में तैनाती के बावजूद संविदा कर्मचारियों को स्थाई कर्मचारियों की भांति सम्मान भी नहीं दिया जा रहा है। वहीं विभागीय अधिकारियों की मानें तो स्थाई चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टॉफ के साथ ही कोविड के लिए तैनात कर्मचारियों के सहयोग से कार्य सुचारु रुप से संचालित किये जा रहे हैं। जिले में एनएचएम से तैनात कर्मचारियों के होम आइसोलेशन पर जाने से मिशन के कार्य बाधित हो गये हैं। हालांकि आउसोर्सिंग कर्मचारियों के माध्यम से कोविड कार्यों को सुचारु रखा जा रहा है। डा. एमएस खाती, प्रभारी सीएमओ, चमोली। हिन्दुस्थान समाचार/जगदीश




