नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। उत्तर प्रदेश में पहाड़ों से आ रही सर्द हवाओं ने ठंड का असर तेज कर दिया है। दिन में हल्की धूप जरूर राहत दे रही है, लेकिन सुबह-शाम गलन भरी ठंड लोगों को कंपकंपा रही है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में अगले दो से तीन दिनों तक तापमान में और गिरावट दर्ज की जाएगी। इसके साथ ही कोहरा और प्रदूषण भी जनजीवन के लिए बड़ी परेशानी बनता जा रहा है।
अगले तीन दिन मौसम रहेगा शुष्क, कोहरे की चेतावनी
मौसम विभाग के मुताबिक मंगलवार 9 दिसंबर को प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी दोनों संभागों में मौसम शुष्क बना रहेगा। इस दौरान सुबह और देर रात कई स्थानों पर हल्का से मध्यम कोहरा छाए रहने की संभावना है। बुधवार और गुरुवार को भी मौसम शुष्क रहेगा, हालांकि ठंड का तीखापन बढ़ता जाएगा। फिलहाल किसी प्रकार की बारिश या तूफान की चेतावनी जारी नहीं की गई है।
13 दिसंबर को सक्रिय होगा पश्चिमी विक्षोभ
मौसम विभाग ने बताया कि 13 दिसंबर को पश्चिमी विक्षोभ हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित कर सकता है। इसके असर से प्रदेश में हल्के बादल छा सकते हैं और तापमान में और गिरावट आने की संभावना है। न्यूनतम तापमान में 2 डिग्री सेल्सियस तक की कमी दर्ज की जा सकती है, जिससे ठंड और अधिक चुभने वाली हो जाएगी।
लखनऊ में धूप राहत दे रही, शाम ढलते ही बढ़ रही ठिठुरन
राजधानी लखनऊ में दिन के समय धूप निकलने से कुछ राहत मिल रही है, लेकिन सुबह और शाम सर्द हवाओं के चलते ठिठुरन बढ़ गई है। कई इलाकों में लोग अलाव का सहारा लेने लगे हैं। वहीं, रामनगरी अयोध्या में भी न्यूनतम तापमान लगातार गिर रहा है। बीते 24 घंटों में यहां न्यूनतम तापमान 6.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो अब तक का सबसे कम रहा।
ठंड के साथ प्रदूषण ने बढ़ाई चिंता
ठंड के साथ-साथ प्रदेश के कई बड़े शहरों में वायु प्रदूषण भी गंभीर स्तर पर पहुंच गया है। नोएडा और गाजियाबाद लगातार प्रदेश के सबसे प्रदूषित शहर बने हुए हैं। वहीं, वाराणसी में भी हालात बेहद चिंताजनक बने हुए हैं। वाराणसी के शहरी क्षेत्र का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 550 के पार रिकॉर्ड किया गया है, जो बेहद खतरनाक श्रेणी में आता है।
धुंध और धुएं से बिगड़ रही हवा की गुणवत्ता
हालांकि एक-दो दिन पहले वाराणसी में प्रदूषण से कुछ राहत मिली थी, लेकिन 8 दिसंबर को फिर से हालात बिगड़ गए। धुंध के साथ कंस्ट्रक्शन कार्य, वाहनों का बढ़ता आवागमन और कारखानों से निकलने वाला धुआं प्रदूषण की बड़ी वजह बन रहा है। लंका, भेलूपुर और अर्दली बाजार क्षेत्र सबसे अधिक प्रदूषित बताए जा रहे हैं।
स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहने की सलाह
डॉक्टरों ने बुजुर्गों, बच्चों और सांस के रोगियों को सुबह-शाम बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है। साथ ही गर्म कपड़े पहनने, गर्म पानी का सेवन करने और जरूरत पड़ने पर मास्क का उपयोग करने की भी अपील की गई है।





