back to top
21.1 C
New Delhi
Tuesday, April 7, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

नोएडा इंजीनियर मौत केस: अब CBI करेगी केस की जांच, नोएडा अथॉरिटी से फाइलें जब्त, अब तक 4 गिरफ्तार

नोएडा इंजीनियर मौत केस में CBI ने जांच अपने हाथ में ले ली है। नोएडा अथॉरिटी से MJ विजटाउन से जुड़ी फाइलें जब्त कीं और अब तक 4 गिरफ्तार हो चुके है।

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। नोएडा सेक्टर-150 में हुए दर्दनाक हादसे में इंजीनियर युवराज मेहता की मौत की जांच अब सीबीआई करेगी। यह मामला तब चर्चा में आया जब 16 जनवरी की रात युवराज की कार स्पोर्ट्स सिटी के गहरे पानी से भरे गड्ढे में गिर गई और लगभग दो घंटे तक मदद की गुहार लगाने के बाद उनकी मौत हो गई। घटना के समय युवराज के पिता राज कुमार मेहता भी मौजूद थे और उन्होंने अपनी आंखों के सामने बेटे की जान जाते देखा। इस हादसे में पुलिस, NDRF और SDRF की टीमें घने कोहरे के बीच बचाव प्रयास करती रहीं, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी।

बिल्डर की भूमिका से जुड़ा गंभीर मामला बन चुका है

इस घटना के बाद नोएडा पुलिस ने दो एफआईआर दर्ज की और चार लोगों को गिरफ्तार किया गया। इस एफआईआर में लोटस ग्रीन्स (Lotus Greens) जैसे अन्य बिल्डरों के नाम भी शामिल हैं। लेकिन अब इस मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी गई है। 21 जनवरी की रात सीबीआई की टीम नोएडा प्राधिकरण कार्यालय पहुंची और MJ विजटाउन से जुड़ी फाइलें अपने साथ ले गई। इस कदम के बाद स्पष्ट संकेत मिलते हैं कि यह केवल एक हादसा नहीं, बल्कि भूमि आवंटन और बिल्डर की भूमिका से जुड़ा गंभीर मामला बन चुका है। वहीं इस घटना को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर नोएडा अथॉरिटी के CEO लोकेश एम. को पद से हटा दिया गया है। साथ ही, एक जूनियर इंजीनियर को बर्खास्त किया गया है और कई अन्य अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

सीबीआई की जांच महत्वपूर्ण साबित होगी

CBI की जांच का मुख्य फोकस स्पोर्ट्स सिटी प्लॉट नंबर-2 के ए-3 प्लॉट पर होगा, जहाँ यह गड्ढा स्थित है। इस प्लॉट का उपविभाजन नोएडा अथॉरिटी के अधिकारियों द्वारा मंजूर किया गया था। इस भूमि का क्षेत्रफल लगभग 27,185 वर्ग मीटर है और इसे लेआउट में कॉमर्शियल उपयोग के लिए दर्शाया गया था। बताया गया है कि स्पोर्ट्स सिटी प्लॉट का एक हिस्सा MJ विजटाउन को बेचा गया था और इस बिल्डर पर नोएडा अथॉरिटी का करीब 129 करोड़ रुपये बकाया है। इसीलिए सीबीआई की जांच में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्लॉट आवंटन किस आधार पर हुआ, क्या नियमों का उल्लंघन हुआ और किसकी लापरवाही के कारण यह घटना घटी।

घटनास्थल पर फॉरेंसिक टीम ने भी बारीकी से जांच की

घटनास्थल पर फॉरेंसिक टीम ने भी बारीकी से जांच की। फॉरेंसिक विशेषज्ञों और पुलिस अधिकारियों ने पूरे क्षेत्र को घेरकर जांच की और घटनास्थल को इंच-इंच नापा गया। फॉरेंसिक टीम ने उस स्थान का निरीक्षण किया जहां कार अनियंत्रित होकर पानी से भरे गहरे गड्ढे में गिर गई थी। इस दौरान यह बात सामने आई कि दुर्घटना स्थल पर सुरक्षा रेलिंग या ठोस बैरिकेडिंग की कमी थी, जिसे हादसे की एक बड़ी वजह माना जा रहा है। यदि सुरक्षा इंतजाम सही होते, तो संभव है कि यह दुर्घटना टाली जा सकती थी या कम नुकसान होता।

अदालत ने मामले की गंभीरता को स्पष्ट करते हुए जांच की दिशा तय की

इस मामले में आरोपित बिल्डरों में से एक MJ विजटाउन प्लानर्स के निदेशक अभय कुमार को सूरजपुर स्थित मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया गया, जहाँ उन्हें 27 जनवरी तक न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। सुनवाई के दौरान अदालत ने लापरवाही को लेकर कड़ी फटकार लगाई और पुलिस को निर्देश दिए कि जांच में यह स्पष्ट किया जाए कि लापरवाही किसकी है। अदालत ने यह भी पूछा कि अगर नाली टूट गई है तो उसका जिम्मेदार कौन है, और अगर बैरिकेडिंग नहीं लगी है तो किसकी जिम्मेदारी है। इस तरह अदालत ने मामले की गंभीरता को स्पष्ट करते हुए जांच की दिशा तय की।

युवराज मेहता गुरुग्राम में काम करते थे

इस पूरी घटना का कारण और भी स्पष्ट होता है जब यह तथ्य सामने आता है कि युवराज मेहता गुरुग्राम में काम करते थे और 16 जनवरी की रात घर लौट रहे थे। सेक्टर-150 में निर्माण स्थल के पास उनकी कार अचानक गहरे गड्ढे में गिर गई। कथित तौर पर युवराज ने करीब दो घंटे तक मदद की गुहार लगाई, लेकिन समय रहते सहायता नहीं मिल सकी और उनकी मौत हो गई। यह घटना इसलिए भी दुखद है क्योंकि उनके पिता ने अपने बेटे को बेसहारा स्थिति में खोते देखा।

आगे इस मामले में और भी गहराई से जांच होगी

अब जब सीबीआई ने मामले की जांच अपने हाथ में ली है, तो यह स्पष्ट है कि आगे इस मामले में और भी गहराई से जांच होगी। यह जांच केवल हादसे तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि इसमें स्पोर्ट्स सिटी प्लॉट आवंटन, बिल्डर के बकाया राशि, प्राधिकरण की मंजूरी, और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन जैसे कई पहलुओं की पड़ताल की जाएगी।

Advertisementspot_img

Also Read:

पटना मर्डर केस पर सम्राट चौधरी का बड़ा एलान: नीट छात्रा की हत्या की गुत्थी सुलझाएगी CBI

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। बिहार सरकार ने पटना के चित्रगुप्त नगर में नीट छात्रा से हुई दरिंदगी और हत्या मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो...
spot_img

Latest Stories

वीवा नाम का मतलब- Viva Name Meaning

Meaning of Viva / विवा नाम का मतलब: Full...

उदयपुर Kanhaiya Lal हत्याकांड में इंसाफ की मांग तेज, परिवार ने सरकार से पूछा- न्याय कब मिलेगा?

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। राजस्थान के उदयपुर में हुए चर्चित...

गणेश भगवान को चढ़ाएं घर पर बना मोदक, प्रसन्न होकर देगें वरदान, जानिए रेसिपी

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। गणेश भगवान की पूजा से...

ATM Transaction Fail: ATM से पैसा कटा पर कैश नहीं मिला? जानिए कैसे करें शिकायत और पाएं मुआवज

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। ATM से पैसे निकालते समय कई...

RR vs MI: बारिश का खतरा या पूरा मैच? गुवाहाटी वेदर रिपोर्ट ने बढ़ाई टेंशन

नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। Indian Premier League 2026 के 13वें...
⌵ ⌵ ⌵ ⌵ Next Story Follows ⌵ ⌵ ⌵ ⌵