नई दिल्ली, रफ्तार न्यूज। प्रयागराज में महाकुंभ का आयोजन 13 जनवरी से शुरू हो चुका है जो 26 फरवरी तक चलने वाला है। आज के समय में लोग इतना व्यस्त है कि उनके पास प्रयागराज में इतना लंबा समय बिताने का समय नहीं है। वहीं, सद्गुरु यह कहते हैं कि अगर आप प्रयागराज महाकुंभ जा रहे हैं तो एक दिन के लिए बिल्कुल नहीं जाना चाहिए। सतगुरु बताते हैं कि आपको महाकुंभ की यात्रा तीन दिन या फिर 21 दिन तक करनी चाहिए। इस दौरान आप साधना में ध्यान लगाएं।
इन दिनों ना करें दर्शन
महाकुंभ जा रहे हैं तो सद्गुरु की बातों को ध्यान में रखें। सतगुरु के अनुसार लोकप्रिय दिनों में महाकुंभ नहीं आना चाहिए ऐसे में महाकुंभ के दौरान गंगा में स्नान करने का मौका नहीं मिल पाता है। आपको तसल्ली से किसी भी दिन महाकुंभ में भीड़ कम हो तब आना चाहिए ताकि आप पवित्र नदी में स्नान कर सकें। सतगुरु बाबा का कहना है कि महाकुंभ में शामिल होने का एक अलग ही मजा है जब आप शांत मन से यहां भाग लेते हैं। सद्गुरु के अनुसार आपको संगम में स्नान से पहले किसी भी जगह के दर्शन नहीं करने चाहिए। संगम नदी एक पवित्र नदी है जहां आपको स्नान करने के बाद ही महाकुंभ का आनंद लेना चाहिए।
महाकुंभ में इन बातों का रखें ध्यान
- महाकुंभ में आपको पूरी तैयारी के साथ जाना चाहिए। अपने खाने-पीने की चीजों के अलावा दवाइयां और आईडी प्रूफ भी लेकर जाना चाहिए।
- महाकुंभ जा रहे हैं तो इसका पहला लक्ष्य संगम के पवित्र स्थल पर स्नान करना होता है। महाकुंभ जाने के बाद आपको पहला स्नान यहां पर करना चाहिए।
- प्रयागराज धार्मिक स्थलों के लिए प्रसिद्ध माना जाता है यहां आने के बाद मन को शांति मिलती है।
- प्रयागराज महाकुंभ में सत्संग होते हैं आपको इनका हिस्सा बनना चाहिए इसे आध्यात्मिक ज्ञान और ऊर्जा मिलती है।
- कुंभ मेले में आपको दान दक्षिणा देना चाहिए और साफ सफाई का ध्यान रखना चाहिए।





