आपदा के समय जनप्रतिनिधियों को ढूंढ रही जनता, सांसद नदारद गाजीपुर, 11 मई (हि.स.)। वैश्विक महामारी में कोरोना संक्रमित मरीज इलाज को लेकर जहां परेशान हैं, वहीं जनप्रतिनिधियों खासकर सांसद अफजाल अंसारी का जनपद से गायब हो जाना चर्चा का विषय बना हुआ है। स्थिति यह हो गई है कि लगभग 2 माह से इस महामारी से जूझ रहे लोग ऑक्सीजन, दवा, अस्पताल बेड इत्यादि के लिए जूझते नजर आ रहे हैं, वहीं सांसद विधायक नदारद हो गए हैं। कुछ महीनों पूर्व तक कर्मठ ईमानदार व सामाजिक कार्यकर्ताओं के नाम से शहर, देहात, चट्टी चौराहों व खंभों पर शुभकामना संदेश देने वाले पोस्टरों पर मौजूद नेता जमीन पर गायब नजर आए। गौरतलब हो कि वैश्विक महामारी कोबिड कोरोना के दूसरे लहर में लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थिति यह हो गई गांव में लोग दवा, अस्पताल, बेड व ऑक्सीजन के लिए भटकते नजर आए। हालांकि जिला प्रशासन द्वारा व्यापक स्तर पर व्यवस्था कर लोगों को समुचित इलाज की व्यवस्था दी गई। इस महामारी के बीच किसी सांसद, विधायक व अन्य जनप्रतिनिधियों का कोई सहयोग होता नजर नहीं आ रहा। खासकर लोग गाजीपुर सांसद अफजाल अंसारी को ढूंढते नजर आए, वहीं काफी हद तक लोग पूर्व सांसद केंद्रीय मंत्री मनोज सिन्हा की कमी महसूस करते रहे। लोगों का कहना है कि इस आपदा के समय में जनप्रतिनिधियों की नामौजूदगी काफी कष्ट दे रही है। दुल्लहपुर क्षेत्र के मनोज यादव ने कहा कि जीवन में इससे अधिक आपदा का समय नहीं देखा गया। इस दौरान सांसद की अनुपस्थिति झकझोर गई। गाजीपुर से कार्तिक गुप्ता ने कहा कि यहां कि जनता मनोज सिन्हा की कमी अखर रही है। यदि लोगों ने श्री सिन्हा को चुन लिया होता तो यहां की स्थिति कुछ और होती। जनपद के जमानिया क्षेत्र से अमित जायसवाल ने सांसद की अनुपस्थिति पर सवाल उठाते हुए कहा आज जब आम जनता को एक मजबूत सहारे की जरूरत है ऐसे में जनप्रतिनिधियों का क्षेत्र से गायब हो जाना काफी कष्ट कर साबित हो रहा है। हिन्दुस्थान समाचार/श्रीराम





