झांसी,02 मई (हि.स.)। जिला अधिवक्ता संघ ने विश्वव्यापी महामारी कोरोना वाॅयरस कोविड-19 के दौरान इंसानियत को कलंकित कर ‘रेमडेसिविर इंजेक्शन’ की कालाबाजारी करने वाले सातों आरोपितों की पैरवी न करने का निर्णय किया है। इतना ही नहीं संघ के अध्यक्ष व सचिव सहित सभी पदाधिकारियों व सदस्यों ने अन्य अधिवक्ताओं से भी इस भीषण आपदा में ऐसे मौत के सौदागरों की ओर से वकालतनामा नहीं लगाए जाने की अपील भी की है। जिला अधिवक्ता संघ के सचिव प्रणय श्रीवास्तव ने पुलिस कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि भीषण आपदा के दौरान जिन्दगी बचाने के लिए लगाए गए कमिर्यों ने ‘रेमडेसिविर’ जैसे जीवनदायी इंजेक्शन की कालाबाजारी कर मानवता को कलंकित किया है। ऐसे अभियुक्तों को कठोर से कठोर दण्ड मिलना चाहिए। जिसके चलते जिला अधिवक्ता संघ द्वारा कोरोना वायरस कोविड-19 नामक विश्वव्यापी महामारी में कारगर औषधि ‘रेमडेसिविर’ की काला बाजारी व नकली औषधि सप्लाई करने जैसी काली करतूत को अंजाम देने वाले इन अभियुक्तों की पैरवी नहीं करने का निर्णय किया गया है। उन्होंने बताया कि संघ के पदाधिकारियों, सदस्यों के अलावा अन्य अधिवक्ताओं से भी अभियुक्तों की पैरवी नहीं किए जाने की अपील की जाएगी। हिन्दुस्थान समाचार/महेश/दीपक




