नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। उत्तर प्रदेश के संभल में जामा मस्जिद के सर्वे को लेकर हुए बवाल के बाद आज शुक्रवार को जुमे की नमाज अदा की जाएगी। जिसे लेकर प्रशासन ने चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। नमाज से पहले डीएम-एसपी की अगुवाई में पुलिस ने फ्लैग मार्च भी निकाला गया । इसके साथ ही लोगों से जामा मस्जिद में भीड़ नहीं लगाने और नमाज के बाद शांतिपूर्ण तरीके से घर जाने की प्रशासन ने अपील की है। दूसरी ओर जामा मस्जिद के सर्वे के ट्रायल कोर्ट के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर भी सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होनी है।
बता दें कि संभल की जामा मस्जिद की प्रबंधन समिति द्वारा सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका में सर्वेक्षण पर तत्काल रोक लगाने की मांग की गई है। समिति ने तर्क दिया कि इस तरह के सर्वेक्षण सांप्रदायिक तनाव को बढ़ा सकते हैं और देश के धर्मनिरपेक्ष ताने-बाने को कमजोर कर सकते हैं। वहीं, सुप्रीम कोर्ट में भी शुक्रवार को संभल की शाही जामा मस्जिद पर सर्वे के आदेश के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई होगी। इस याचिका में 19 नवंबर को जिला अदालत द्वारा दिए गए सर्वे के आदेश को चुनौती दी गई है। गौरतलब है कि संभल जिले की शाही जामा मस्जिद को लेकर 19 नवंबर 2024 को कोर्ट ने आदेश दिया था कि मस्जिद का सर्वे किया जाये।
70 मजिस्ट्रेटों की लगाई ड्यूटी
हाल ही में हुई हिंसा और उसके बाद जारी तनाव की स्थिति के बीच आज जुमे की नमाज अदा की जायेगी। पुलिस इसको लेकर मुस्तैद है और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। जुमे की नमाज को लेकर 70 मजिस्ट्रेटों की ड्यूटी लगाई गई है। पुलिस के द्वारा चिह्नित स्थानों पर पुलिस अधिकारियों के साथ मजिस्ट्रेट की तैनाती रहेगी। 24 नवंबर की तरह हिंसा और उपद्रव न हो इसलिए इस तरह के इंतज़ाम किए गए हैं। जुमे की नमाज को लेकर पूरे वेस्ट यूपी में भी अलर्ट जारी करने के साथ दंगा नियंत्रण प्लान भी लागू कर दिया गया है। आज की नमाज को लेकर सभी शहरों और कस्बों में पुलिस के बड़े अधिकारियों को तैनात रहने के लिए कहा गया है।
सुरक्षा बलों की तैनाती, इंटरनेट सेवाएं रहेंगी अस्थाई रूप से बंद
15 कंपनियां पीएसी और 2 कंपनियां आरएएफ तैनात की गई है। 10 जिलों की पुलिस और महिला पुलिस बल सक्रिय और दंगा निरोधी दस्ते की टीम विशेष निगरानी पर हैं। ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से हर संवेदनशील क्षेत्र पर नजर है.पुलिसकर्मी बॉडी कैमरों के साथ तैनात हैं. इलाके में धारा 163 बीएनएस लागू किया गया । जिसके अंतर्गत चार से अधिक लोगों के इकट्ठा होने पर पाबंदी है। इंटरनेट सेवाएं अस्थाई रूप से बंद और जामा मस्जिद के बाहर नमाज की अनुमति नहीं, केवल मस्जिद के अंदर इबादत की अनुमति है। इसके अलावा जामा मस्जिद के अंदर केवल स्थानीय लोगों को प्रवेश की अनुमति है। सभी दरवाजों पर मेटल डिटेक्टर और पुलिसकर्मी छतों पर तैनात हैं। पुलिस ने 50 से अधिक संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया है।




