इंदौर, 23 जून (हि.स.)। इंदौर में एक युवक ने ट्यूटर से शादी ने होने के चलते आत्महत्या कर ली। डॉक्टर पिता ने किसी को बिना बताए बेटे का अंतिम संस्कार कर दिया। इंदौर में अपने बेटे की ट्यूटर और खुद से 15 साल छोटी युवती से शादी करने में विफल रहे डॉ जितेन्द्र कुमार पंडोरिया के बेटे यशवंत (16 वर्ष) ने मंगलवार को आत्महत्या कर ली। पिता ने पुलिस को सूचना किए बगैर ही बेटे का अंतिम संस्कार भी कर दिया। देर शाम को पुलिस को ग्रामीणों ने इसकी सूचना दी, जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की।
दरअसल, पिछले हफ्ते डॉ. जितेंद्र भंवरकुआ थाना क्षेत्र स्थित एक होटल में ट्यूटर से शादी रचा रहे थे। फेरे के दौरान उनकी पत्नी कांता बेटे यशवंत, नंदन और बेटी मोनिका को लेकर वहां पहुंची और दोनों की पिटाई कर दी। पुलिस ने डॉ. जितेंद्र के खिलाफ केस दर्ज कर गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस घटना के बाद यशवंत परेशान हो गया था।
सोमवार को डॉ. जितेन्द्र जेल से छूटकर अपने फार्महाउस पहुंचे थे। यहां उनकी बेटे यशवंत के साथ बहस हो गई। पिता के विवाद के बाद यशवंत और ज्यादा परेशान हो गया और मंगलवार दोपहर को उसने खुद को गाली मारकर आत्महत्या कर ली। पूरे घटनाक्रम के दौरान डॉ यशवंत भी फार्महाउस पर मौजूद थे। बेटे द्वारा आत्मघाती कदम उठाए जाने के बाद डॉ. जितेंद्र ने बिना पुलिस को सूचना दिए उसका अंतिम संस्कार कर दिया।
देर शाम पुलिस को गांववालों ने सूचना दी तो जांच शुरू की। बाद में पुलिस मुक्तिधाम पहुंची और वहां से सूत्र जुटाए। पुलिस पूछताछ में डॉ. जितेंद्र द्वारा कभी गोली मारकर खुदकुशी की बात कही जा रही है तो कभी हार्टअटैक की। पुलिस सच उगलवाने के साथ अन्य बिंदुओं पर भी जांच कर रही है लेकिन प्रारंभिक जांच में कारण खुदकुशी ही सामने आ रहा है। हिन्दुस्थान समाचार/ नेहा पाण्डेय




