जम्मू, 18 मई (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर के अस्पतालों में बड़े पैमाने पर कोविड से होने वाली मौतों के ऑडिट की मांग करते हुए, अपनी पार्टी के उपाध्यक्ष और पूर्व मंत्री चौधरी जुल्फिकार अली ने मंगलवार को राजौरी जिले में पहले से स्वीकृत दो ऑक्सीजन संयंत्रों के संचालन में विफलता के लिए स्वास्थ्य विभाग की आलोचना की। उन्होंने कहा कि हाल के परिदृश्य में कोविड रोगियों की जरूरतों को पूरा करने में यह बदतर हालत में हैं। उन्होंने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से पहले से स्वीकृत दो ऑक्सीजन संयंत्रों को जल्द से जल्द चालू करने का आग्रह किया। यहां जारी एक बयान में चौ. जुल्फिकार अली ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की अक्षमता ने लोगों को परेशान किया है और वायरस से निपटने के लिए खराब प्रबंधन और सुविधाओं के कारण मौतें हुई हैं। उन्होंने कहा कि राजौरी में प्रतिदिन होने वाली मौतों की संख्या सभी के लिए चिंता का विषय है, खासकर जब राजौरी जिले के लिए 3000 क्षमता का ऑक्सीजन प्लांट स्वीकृत किया गया था, जिससे लगभग 150-200 रोगियों की आवश्यकता को पूरा करने की उम्मीद थी। उन्होंने कहा कि दुर्भाग्य से, 50-60 रोगियों की आवश्यकता को पूरा करने के लिए 1000 क्षमता वाली केवल 1 इकाई का संचालन किया गया है और 2000 क्षमता वाली दो अन्य ऐसी इकाइयाँ, जो 100-130 से अधिक रोगियों की आवश्यकता को पूरा कर सकती हैं, अभी भी कार्यात्मक नहीं है जब महामारी अपने चरम पर है। उन्होंने कोविड से होने वाली मौतों की बढ़ती संख्या पर भी गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से पहले से स्वीकृत दो ऑक्सीजन संयंत्रों को जल्द से जल्द चालू करने का आग्रह किया। उन्होंने उपायुक्त, राजौरी और स्वास्थ्य विभाग से स्थिति की ओर ध्यान देने की भी मांग की ताकि हताहतों की संख्या को नियंत्रित किया जा सके। हिन्दुस्थान समाचार/अमरीक/बलवान




