नई दिल्ली, 29 जून (हि.स.)। द्वारका सेक्टर-14 इलाके में डीडीए के कंस्ट्रक्शन साइट पर लापरवाही का एक बड़ा मामला देखने को मिला, जहां काम पर लगाए गए चार मजदूर वहां लगे ओपन लिफ्ट टूटने से अचानक ऊंचाई से नीचे जमीन पर गिर पड़े। गिरने की वजह से चारों गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे की सूचना पर पहुंची स्थानीय द्वारका नॉर्थ थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और सभी घायलों को खून से लथपथ हालत में दो अलग-अलग अस्पतालों में पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने तीन को मृत घोषित कर दिया। जबकि चौथे का इलाज किया जा रहा है। घटना की पुष्टि करते हुए द्वारका जिला डीसीपी संतोष कुमार मीणा ने मृतकों की पहचान 50 वर्षीय पन्ना लाल यादव, 29 वर्षीय बसंत और मंगल प्रसाद सिंह के तौर पर की है। सभी मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया साथ ही घटना को लेकर स्थानीय पुलिस ने आईपीसी की धारा 287, 288, 337 और 304ए के तहत केस दर्ज कर लिया है और आगे की कार्रवाई कर रही है। मामले में गंभीर रूप से घायल चौथे मजदूर 48 वर्षीय सुरेन्द्र राय का इलाज किया जा रहा है। उसकी हालत फिलहाल गंभीर बनी हुई है। खराब लिफ्ट के इस्तेमाल से गई जान… पुलिस सूत्रों ने बताया कि घटना मंगलवार की है, जब स्थानीय पुलिस को सूचना मिली थी कि द्वारका सेक्टर-14 में स्थित डीडीए के कंस्ट्रक्शन साइट पर चार मजदूर ऊंचाई से गिर गए हैं। सूचना पर तत्काल पुलिस की टीम मौके पर पहुंची, जहां गंभीर अवस्था में खून से लथपथ हालत में चार मजूदर पड़े हुए मिले। तत्काल सभी को मौके से उठाकर पास के दो नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चार में से तीन मजदूरों को मृत घोषित कर दिया गया। जबकि चौथे का इलाज किया जा रहा है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि कंस्ट्रक्शन साइट पर ऊंचाई पर काम करने के लिए ओपन लिफ्ट लगाई गई थी, जिसकी मदद से मजदूर ऊपर आते जाते थे। इसी लिफ्ट में चारों मजदूर सवार थे। बताया जाता है कि लिफ्ट ठीक से काम नहीं कर रही थी और उसमें पहले से ही दिक्कत आ रही थी। इसी बीच अचानक से लिफ्ट टूट गई और लिफ्ट समेत चारों मजदूर नीचे जमीन पर आ गिरे। लापरवाही से मौत का मामला दर्ज… घटना के बाद पुलिस ने मामले में लापरवाही से मौत समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया और छानबीन कर रही है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि फिलहाल मामले में जांच की जा रही है और यह तय किया जा रहा है कि आखिर किसकी लापरवाही से हादसा हुआ। जांच के बाद जिम्मेदार शख्स को गिरफ्तार किया जाएगा। शुरुआती जांच में पुलिस को पता चला कि सभी मजदूरों से बिना सुरक्षा उपकरणों को काम कराया जा रहा था। साथ ही लिफ्ट में दिक्कत होने के बावजूद भी उसका इस्तेमाल किया जा रहा था। लिफ्ट खराब होने की दी गई थी सूचना… बताया जाता है कि काम करा रहे साइट के सुपरवाइजर को मजदूरों ने पहले ही बता दिया था कि लिफ्ट में दिक्कत हो रही है। दावा है कि लिफ्ट से हादसे की आशंका भी जाहिर की गई थी। लेकिन फिर भी मामले में लापरवाही बरतते हुए उसी लिफ्ट से काम जारी रखा गया। जिससे हादसा हो गया और तीन मजदूरों की जान चली गई। हिन्दुस्थान समाचार/अश्वनी




