नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। बिहार में राज्यसभा की पांच सीटों के लिए 16 मार्च 2026 को मतदान होना है और राजनीतिक सियासत पहले ही गरम हो चुकी है। इन पांच सीटों में दो सीटें बीजेपी, दो जेडीयू और एक सीट एनडीए के सहयोगी दल को दी जा सकती हैं। इस समय सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या मौजूदा सांसद रिपीट होंगे या नए चेहरे राज्यसभा में जाएंगे।
एक सीट के लिए दावेदारों की जंग बेहद रोचक है
राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, बिहार में खाली हो रही राज्यसभा सीटों पर सबसे मजबूत दावेदार हैं भारतीय जनता पार्टी और जनता दल यूनाइटेड। दोनों पार्टियों ने सीटों का बंटवारा पहले ही तय कर लिया है जेडीयू को दो सीटें, बीजेपी को दो सीटें और बची हुई एक सीट एनडीए के सहयोगी दल के लिए। इस एक सीट के लिए दावेदारों की जंग बेहद रोचक है।
विधान परिषद की सीट मिल सकती है
बीजेपी-जेडीयू के अलावा इस सीट के दावेदार तीन प्रमुख दल हैं। सबसे आगे चिराग पासवान की पार्टी, दूसरे नंबर पर हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) और तीसरे नंबर पर उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी। उपेंद्र कुशवाहा की दावेदारी भी कम नहीं है क्योंकि वे पहले भी बीजेपी कोटे से राज्यसभा जा चुके हैं। हालांकि 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी को कम सीटें मिली थीं, फिर भी चर्चा यह है कि उन्हें एक राज्यसभा और एक बिहार विधान परिषद की सीट मिल सकती है।
राज्यसभा की एक सीट का आश्वासन मिला है
चिराग पासवान की बात करें तो विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी 35 सीटों पर दावा कर रही थी। एनडीए में सीटों के फॉर्मूले के बाद उनकी नाराजगी सामने आई। दिल्ली से दो वरिष्ठ नेता उन्हें मनाने और स्थिति संभालने गए। इसके बाद चिराग ने 29 सीटों पर मान लिया और अंततः पार्टी 19 सीटें जीत पाई। इसी प्रक्रिया में कहा गया कि बीजेपी की ओर से उन्हें राज्यसभा की एक सीट का आश्वासन मिला है।
इस विकल्प पर अंदर ही अंदर तैयारी कर रहे हैं
अब सबसे बड़ी चर्चा यह है कि अगर राज्यसभा की एक सीट उनके हिस्से आती है, तो वे किसे भेजेंगे। राजनीतिक सूत्रों के अनुसार, अगर सीट एलजेपी के पाले में आती है, तो यह रीना पासवान के नाम हो सकती है। चिराग पासवान और उनकी पार्टी इस विकल्प पर अंदर ही अंदर तैयारी कर रहे हैं।
जीतन राम मांझी भी इस सीट के लिए दावेदार
इसी बीच, एनडीए गठबंधन को कोसने वाले जीतन राम मांझी भी इस सीट के लिए दावेदार हैं। विधानसभा चुनाव के समय सीट बंटवारे के दौरान उन्होंने सवाल उठाया था और राज्यसभा के लिए अपनी दावेदारी बनाए रखी है।
राज्यसभा की यह सीट किसके नाम होगी?
बिहार की राज्यसभा चुनावी सियासत में पांच सीटों के बंटवारे के बीच सबसे चर्चा इस बात की है कि चिराग पासवान रीना पासवान को राज्यसभा भेजेंगे या नहीं। एक तरफ उनका एनडीए सहयोगियों के साथ मजबूत असर है, दूसरी ओर उपेंद्र कुशवाहा और जीतन राम मांझी भी दावेदारी में पीछे नहीं हैं। 16 मार्च 2026 के मतदान के बाद ही यह साफ होगा कि राज्यसभा की यह सीट किसके नाम होगी।





