नवादा, 28 जून (हि स)। नवादा जिले के मंडल कारा में बंद विचाराधीन कैदी खाद्य निगम के सहायक प्रबन्धक कामता प्रसाद की रविवार को देर शाम बीमारी से मौत हो गई। सोमवार को कैदियों ने जेल आईजी से जांच की मांग को ले हंगामा किया। हालांकि कारा अधिकारी ने सोमवार को हंगामे की बात से इनकार किया है। मौत को मीडिया से छुपाये रखने का भरसक प्रयास किया गया। मृतक बंदी पटना के गर्दनीबाग ओल्ड जक्कनपुर के रहने वाले थे। मौत की वजह हार्ट अटैक बताई जा रही है। वे 12 जुलाई 2019 से मंडल कारा में गबन के मामले में बंद थे। उनपर वर्ष 2017 में नरहट और सिरदला थाना में गबन की प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। घटना के संबंध में बताया जाता है कि वह वार्ड में टीवी देख रहे थे। तभी उन्हें पेशाब लगा और वह शौचालय गए। जहां चक्कर खाकर जमीन पर गिर गए। अन्य बंदियों की सूचना पर जेल अस्पताल में भर्ती कराया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। तत्काल बंदी को सदर अस्पताल लाया गया, जहां चिकित्सकों ने देखते ही मृत घोषित कर दिया। बता दें कि मृतक कामता प्रसाद राज्य खाद्य निगम में कार्यरत थे। नरहट और सिरदला प्रखंड में सहायक गोदाम प्रबंधक के पद पर पदस्थापित थे। तभी उनपर गबन का आरोप लगा था। जिसके बाद राज्य खाद्य निगम के तत्कालीन जिला प्रबंधक प्रवीण कुमार दीपक ने 1 फरवरी 2017 को नरहट थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। जिसके बाद वे जेल में बंद थे। कैदियों के आरोप है कि इलाज में लापरवाही से मौत हुई। डीएम ने मौत के कारणों की जांच की बात कही है। हिन्दुस्थान समाचार/डॉ सुमन/चंदा





