गुवाहाटी, एजेंसी। जेएसएल एनएफआर नॉर्थ ईस्ट हॉफ मैराथन अब 26 फरवरी को दार्जिलिंग हिल्स में आयोजित हाेगी। इससे पहले गुवाहाटी के प्रथम पूर्वोत्तर हॉफ मैराथन में भारत व विदेशों से करीब सात हजार धावकों ने भाग लिया।पूर्वोत्तर के विकास और राष्ट्र निर्माण के प्रति प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विजन के अनुरूप पूर्वोत्तर सीमा रेल (पूसीरे) ने जेएसएल एनएफआर एनई हाफ मैराथन श्रृंखला के आयोजन के लिए इनोवेशंस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के साथ हाथ मिलाया है। हॉफ मैराथन का उद्देश्य पूर्वोत्तर भारत में खिलाड़ियों का सशक्तिकरण और खेल के बुनियादी ढांचे का विकास करना है।
मैराथन की आधिकारिक घोषणा के लिए 10 फरवरी को किया गया
पूसीरे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सब्यसाची डे ने शुक्रवार को बताया है कि दार्जिलिंग में हॉफ मैराथन की आधिकारिक घोषणा के लिए 10 फरवरी को किया गया था। पूरे पूर्वोत्तर भारत में खिलाड़ियों को सशक्त बनाने और पूर्वोत्तर भारत में खेल गतिविधियों के विकास के उद्देश्य से यह पूर्वोत्तर हॉफ मैराथन आयोजित की जा रही है। दार्जिलिंग में इस हॉफ मैराथन की खास बात यह है कि खिलाड़ियों को सशक्त बनाने के अलावा, यह माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाले पहले व्यक्ति – महान तेनजिंग नोर्गे को श्रद्धांजलि होगी। विश्व के सर्वोच्च शिखर को जीतने के 70 साल का जश्न पूरी दुनिया मना रही है।
दो हजार धावकों के भाग लेने की उम्मीद है
जेएसएल एनएफआर नॉर्थईस्ट हॉफ मैराथन में दुनिया के सभी हिस्सों से लगभग दो हजार धावकों के भाग लेने की उम्मीद है। विजेताओं को ट्रॉफी, पदक और प्रशस्ति प्रमाण पत्र के अलावा 6.5 लाख रुपये के पुरस्कार दिए जाएंगे।पूर्वोत्तर हॉफ मैराथन से संबंधित एक वेबसाइट ऑनलाइन पंजीकरण के लिए तैयार की गई है।




