back to top
24.1 C
New Delhi
Saturday, March 21, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

क्या अमेरिका में खत्‍म होगी दो-दलीय राजनीति? ट्रंप पर भड़के Elon Musk, तीसरी पार्टी बनाने के दिए संकेत

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के "वन बिग ब्यूटीफुल बिल" पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए मस्क ने एक नई राजनीतिक पार्टी बनाने के संकेत दिए हैं। मस्‍क ने इस बिल को पागलपन बताया है।

नई दिल्‍ली / रफ्तार डेस्‍क । दुनिया के सबसे अमीर कारोबारी और टेस्ला-स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क ने अमेरिकी राजनीति में एक नया मोड़ लाने का संकेत दिया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के “वन बिग ब्यूटीफुल बिल” पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए मस्क ने एक नई राजनीतिक पार्टी बनाने की इच्छा जताई है। मस्क ने इस बिल को “पागलपन भरा खर्च” और “कर्ज की गुलामी” बताते हुए खारिज कर दिया। इसी के साथ उन्होंने इशारा किया कि वे “अमेरिका पार्टी” नाम से एक नई पार्टी की शुरुआत कर सकते हैं। 

मस्क और ट्रंप के रिश्तों में बढ़ती कटुता, अब खुली जंग के आसार


एक समय राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी माने जाने वाले एलन मस्क अब उनके कटु आलोचक बन चुके हैं। हाल ही में मस्क ने ट्रंप के आर्थिक विधेयक पर तीखा हमला बोलते हुए इसे “आर्थिक आत्मघात” और “पुराने जमाने के उद्योगों को थोपने वाला कदम” बताया। ट्रंप भी चुप नहीं बैठे। उन्होंने पलटवार करते हुए कहा कि मस्क की कंपनियां सरकार से मिलने वाली इलेक्ट्रिक वाहन सब्सिडी के बिना टिक नहीं पाएंगी। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर तीखा बयान जारी करते हुए लिखा, “एलन को ये बात पहले से मालूम थी कि मैं EV जनादेश के खिलाफ हूं। अगर सब्सिडी बंद हो गई, तो शायद उन्हें अपना कारोबार समेटकर साउथ अफ्रीका वापस लौटना पड़े।”

एलन मस्क कर रहे हैं ‘अमेरिका पार्टी’ बनाने का विचार


एलन मस्क ने अमेरिकी राजनीति में बदलाव की संभावनाओं को हवा देते हुए 1 जुलाई को अपने सोशल मीडिया मंच X पर लिखा, “अगर यह पागलपन भरा खर्च वाला बिल पारित होता है, तो अगले ही दिन मैं ‘अमेरिका पार्टी’ का गठन कर दूंगा। हमारे देश को डेमोक्रेट-रिपब्लिकन यूनिपार्टी से अलग एक सच्चे विकल्प की जरूरत है, ताकि आम लोगों की आवाज वाकई में सुनी जा सके।”

मस्क ने इस बिल को “पोर्की पिग पार्टी” की उपज बताया, जो उनके अनुसार सरकारी फिजूलखर्ची को बढ़ावा देता है। इसके साथ ही उन्होंने चेतावनी भी दी कि यदि कोई भी रिपब्लिकन सांसद इस बिल का समर्थन करता है, तो वह उनके खिलाफ 2026 के प्राइमरी चुनावों में अपने उम्मीदवार खड़े करेंगे।

4 जुलाई को स्वतंत्रता दिवस के मौके पर मस्क ने एक ऑनलाइन पोल चलाया, जिसमें उन्होंने जनता से सवाल पूछा “क्या हमें दो-दलीय (जिसे कुछ लोग ‘यूनिपार्टी’ कहते हैं) सिस्टम से आज़ादी चाहिए? क्या हमें ‘अमेरिका पार्टी’ बनानी चाहिए?” इस पोल ने न सिर्फ जनता बल्कि राजनीतिक विश्लेषकों के बीच भी बहस छेड़ दी है। इसी दौरान एक यूजर ने मस्क को टैग करते हुए लिखा, “एलन अगर तीसरी पार्टी शुरू करते हैं, तो यह टेस्ला या स्पेसएक्स की तरह होगा, शुरुआत में सफलता की संभावना कम लगेगी, लेकिन अगर यह सफल हो गया, तो पूरा खेल बदल जाएगा।” इस पर मस्क ने सहमति जताते हुए जवाब दिया “100% सही।”

क्या अमेरिका में तीसरी पार्टी बनाना वाकई संभव है?


एलन मस्क द्वारा तीसरी पार्टी के गठन का विचार भले ही नया न हो, लेकिन इसे हकीकत में बदलना आसान नहीं होगा। अमेरिका में दो-दलीय प्रणाली दशकों से राजनीति पर हावी रही है और इतिहास गवाह है कि तीसरी पार्टियाँ बहुत कम ही चुनावी सफलता हासिल कर पाई हैं। उदाहरण के तौर पर, 1992 में रॉस पेरोट की ‘रिफॉर्म पार्टी’ ने पूरे देश में 19% वोट बटोरे थे, लेकिन फिर भी एक भी राज्य में जीत हासिल नहीं कर सकी। यह अमेरिका की चुनावी प्रणाली विशेष रूप से फर्स्ट-पास्ट-द-पोस्ट और इलेक्टोरल कॉलेज व्यवस्था की सीमाओं को उजागर करता है।

राजनीतिक विश्लेषकों की राय है कि मस्क की प्रस्तावित ‘अमेरिका पार्टी’ को यदि वाकई असरदार बनना है, तो उसे ठोस संगठनात्मक आधार, विस्तृत जमीनी नेटवर्क और अपरिमित संसाधनों की जरूरत होगी। फिर भी, हाल ही में सामने आए एक सर्वेक्षण के अनुसार, लगभग 40% अमेरिकी नागरिक मस्क की तीसरी पार्टी को समर्थन देने के इच्छुक हैं। यह आंकड़ा मौजूदा डेमोक्रेट और रिपब्लिकन पार्टियों से जनता के बढ़ते असंतोष को दर्शाता है और संकेत देता है कि राजनीतिक बदलाव की जमीन तैयार हो रही है।

ट्रंप के बिल को क्यों माना जा रहा है विवादित?


“वन बिग ब्यूटीफुल बिल” ट्रंप के दूसरे कार्यकाल का एक अहम हिस्सा है, जिसमें 2017 के टैक्स कट्स को स्थायी करना, रक्षा और सीमा सुरक्षा के लिए बड़े बजट आवंटित करना, साथ ही स्वास्थ्य सेवा और खाद्य सहायता कार्यक्रमों में कटौती जैसी व्यवस्थाएं शामिल हैं। इस 940 पृष्ठों के बिल की डेमोक्रेट और कुछ रिपब्लिकन सांसदों ने कड़ी आलोचना की है, क्योंकि वे इसे अमीरों को फायदा पहुंचाने वाला और मध्यम तथा निम्न आय वर्ग के लिए हानिकारक मानते हैं। एलन मस्क का तर्क है कि यह बिल उभरते उद्योगों को नुकसान पहुंचाएगा और राष्ट्रीय कर्ज को कांग्रेसनल बजट ऑफिस के अनुसार 3.3 ट्रिलियन डॉलर तक बढ़ा सकता है।

Advertisementspot_img

Also Read:

क्या अमेरिका में भी घर-घर होती है LPG सिलेंडर की डिलीवरी? जानिए भारत से कितना अलग है रसोई गैस का सिस्टम

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। भारत में रसोई गैस का मतलब आमतौर पर लाल रंग का LPG सिलेंडर होता है, जिसे खत्म होने पर बुक...
spot_img

Latest Stories

प्रमुख देवताओं में से एक हैं Bhagwan Vishnu, जानिए पालनहार का दिव्य रूप और अवतार

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। भगवान विष्णु (Bhagwan Vishnu) हिंदू...

जतिन नाम का मतलब- Jatin Name Meaning

Meaning of Jatin /जतिन नाम का मतलब :Ascetic/तपस्वी Origin /...

Navratri में बना रही हैं साबूदाना की खिचड़ी, तब उपयोग करें इस रेसिपी का

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। नवरात्रि (Navaratri) के दौरान व्रत...

Salman khan की फिल्म मातृभूमि कब होगी रिलीज? सामने आया बड़ा अपडेट

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। सलमान खान (Salman khan) की...

मार्च के बदलते मौसम में बढ़ सकता है फ्लू का खतरा, बचाव के लिए करें ये काम

नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। मार्च और अप्रैल के महीने...
⌵ ⌵ ⌵ ⌵ Next Story Follows ⌵ ⌵ ⌵ ⌵