नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने अमेज़न इंडिया और वॉलमार्ट के स्वामित्व वाली फ्लिपकार्ट सहित विभिन्न ई-कॉमर्स कंपनियों को नोटिस जारी किए हैं। सीसीपीए ने निर्देश दिया है कि पाकिस्तानी झंडे और झंडे वाले उत्पादों को उनके प्लेटफार्मों से हटा दिया जाए और इन उत्पादों को ऑनलाइन नहीं बेचा जाना चाहिए। उपभोक्ता मामलों के मंत्री प्रल्हाद जोशी ने इसकी जानकारी दी है। जोशी ने माइक्रोब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म एक्स पर इस बारे में एक महत्वपूर्ण पोस्ट साझा किया है।
सीसीपीए ने यूबाय इंडिया, एट्सी, द फ्लैग कंपनी और द फ्लैग कॉर्पोरेशन को भी नोटिस जारी किया है। सीसीपीए ने इन कंपनियों को चेतावनी दी है कि भारत में पाकिस्तानी झंडों और संबंधित वस्तुओं की बिक्री बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हम ऐसी असंवेदनशीलता बर्दाश्त नहीं करेंगे। ई-कॉमर्स कंपनियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे ऐसी सामग्री और वस्तुओं को तुरंत अपने प्लेटफॉर्म से हटा दें। राष्ट्रीय कानूनों का पालन किया जाना चाहिए। हालांकि, प्रहलाद जोशी ने अपने पोस्ट में यह नहीं बताया कि ऐसी वस्तुओं को बेचकर किस कानून का उल्लंघन किया जा रहा है।
सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा था कि अमेज़न इंडिया और फ्लिपकार्ट समेत कई ई-कॉमर्स कंपनियों की वेबसाइटों पर पाकिस्तानी झंडे और इसी तरह की चीजें बेची जा रही हैं। कुछ वस्तुओं पर पाकिस्तानी झंडा और पाकिस्तानी प्रतीक चिह्न अंकित थे।
ई-कॉमर्स कंपनियों पर पाकिस्तानी झंडे और उनके प्रतीक बेचने पर प्रतिबंध
कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकवादी हमले में 26 लोग मारे जाने के बाद लगाया। ये आतंकवादी पाकिस्तान से आये थे। इससे भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ गया है। इस तनाव के बीच केंद्र सरकार ने ई-कॉमर्स कंपनियों पर पाकिस्तानी झंडे, उनके प्रतीक और उनसे जुड़ी वस्तुएं बेचने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
केंद्र सरकार की इस कार्रवाई से पहले व्यापार संघों और कई हिंदूवादी संगठनों ने वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल और उपभोक्ता संरक्षण मंत्री प्रहलाद जोशी को पत्र लिखकर पाकिस्तानी झंडे और इसी तरह की वस्तुएं बेचने वाली अमेजन और फ्लिपकार्ट समेत ई-कॉमर्स कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। यह भी कहा गया कि ऐसी बिक्री रोकी जानी चाहिए।




