नई दिल्ली, 8 मार्च (आईएएनएस)। मुद्रास्फीति की आशंकाओं के साथ-साथ रूस-यूक्रेन संघर्ष के कारण मंगलवार को सोने की कीमत 55,000 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गई। रूस-यूक्रेन संघर्ष के कारण आपूर्ति में कमी की आशंकाओं के साथ-साथ मजबूत मांग ने कीमतों को ऊंचा रखा है। रूस, जो सोने का एक प्रमुख उत्पादक है, उस पर प्रतिबंध लगने से आपूर्ति कम होने की उम्मीद है। इसके अलावा, एफआईआई द्वारा इक्विटी बाजारों में बिकवाली से सुरक्षित निवेश के लिए भीड़ बढ़ गई है। एफआईआई ने कुल 8,142.60 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। पिछले हफ्ते एमसीएक्स पर सोने का भाव 4.66 फीसदी की तेजी के साथ 52,559 रुपये के स्तर पर पहुंच गया था। इसके अलावा, अंतर्राष्ट्रीय स्पॉट गोल्ड की कीमत बढ़कर 2,057 डॉलर प्रति औंस हो गई। आईआईएफएल सिक्योरिटीज के उपाध्यक्ष (अनुसंधान) अनुज गुप्ता ने कहा, भू-राजनीतिक तनाव के साथ-साथ इक्विटी बाजारों से विदेशी फंड के बहिर्वाह के कारण सोने जैसे सुरक्षित निवेश के लिए भीड़ उमड़ पड़ी। गुप्ता ने कहा, अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में सोने की कीमतें बहुत जल्द 2,100 डॉलर से 2,130 डॉलर तक पहुंच सकती हैं। घरेलू बाजार में यह 56,000 रुपये से 58,000 रुपये प्रति 10 ग्राम रह सकती है। कैपिटल वाया ग्लोबल रिसर्च में कमोडिटीज और मुद्राओं के प्रमुख क्षितिज पुरोहित के अनुसार, अब तक का उच्च स्तर 2,074 डॉलर है .. यदि यह स्तर टूटता है, तो बहुत कम समय में 2,100 से 2,150 डॉलर के अगले स्तर की अपेक्षा करें। –आईएएनएस एसजीके/एएनएम




