नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । दुनिया की दिग्गज टेक कंपनी माइक्रोसॉफ्ट एक बार फिर हजारों कर्मचारियों की छंटनी करने की तैयारी में है। ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी अपने कुल कार्यबल का लगभग 4 प्रतिशत हिस्सा कम करने जा रही है, जिससे 9000 से अधिक लोगों की नौकरी पर तलवार लटक रही है। इससे पहले दो महीने पहले ही कंपनी ने कर्मचारियों की छटनी की थी। यह कंपनी की हालिया सबसे बड़ी छंटनी मानी जा रही है और यह संकेत देती है कि माइक्रोसॉफ्ट लागत कम करने और आर्थिक अनिश्चितताओं से निपटने के लिए सख्त कदम उठा रही है।
माइक्रोसॉफ्ट में एक बार फिर बड़ी छंटनी की तैयारी
2024 के जून महीने तक माइक्रोसॉफ्ट में कुल 22,800 कर्मचारी कार्यरत थे। उसी महीने ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट में बताया गया था कि कंपनी बड़ी संख्या में कर्मचारियों को हटाने की योजना बना रही है, खासकर सेल्स से जुड़े कर्मचारियों को। इस साल मई में माइक्रोसॉफ्ट ने लगभग 6,000 कर्मचारियों की छंटनी की थी, जबकि जून में करीब 300 लोगों को नौकरी से निकाला गया।
अब एक बार फिर दो सालों में सबसे बड़ी छंटनी को अंजाम देने की तैयारी है, हालांकि इस बारे में अब तक कंपनी की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। कयास लगाए जा रहे हैं कि इस बार कंपनी का फोकस उन कर्मचारियों पर रहेगा जो सीधे ग्राहकों से जुड़े हैं, जैसे कि सेल्स और मार्केटिंग विभाग। पिछली बार की तरह इस बार भी प्रोडक्ट डेवलपमेंट और सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग विभाग के कर्मचारियों की नौकरियां फिलहाल सुरक्षित मानी जा रही हैं।
कंपनी का ध्यान AI तकनीक पर केंद्रित
माइक्रोसॉफ्ट के एक प्रवक्ता ने बताया है कि कंपनी बाजार में अपनी स्थिति मजबूत करने के लिए आवश्यक संगठनात्मक सुधारों को लगातार लागू करती रहेगी। इससे पहले, गूगल ने भी छंटनी की घोषणा की थी। दोनों कंपनियां, गूगल और माइक्रोसॉफ्ट, AI रिसर्च और विकास में भारी निवेश कर रही हैं। कोडिंग जैसे कार्यों में AI का उपयोग बढ़ता जा रहा है, जिससे उन कर्मचारियों की नौकरियों पर खतरा मंडराने लगा है जो इस काम में लगे हैं।





