नई दिल्ली/रफ्तार। अगर आपने सहारा इंडिया की किसी स्कीम में निवेश किया था और अब तक आपका पैसा वापस नहीं मिला है, तो आपके लिए बड़ी राहत की खबर है। केंद्र सरकार ने निवेशकों को एक और मौका देते हुए रिफंड क्लेम की सीमा बढ़ाकर 10 लाख रुपये तक कर दी है। पहले यह सीमा अधिकतम 50 हजार रुपये थी। आधिकारिक जानकारी के अनुसार 19 नवंबर 2025 से यह नई सुविधा लागू कर दी गई है।
CRCS-सहारा रिफंड पोर्टल पर
रिफंड के लिए निवेशकों को सीआरसीएस-सहारा रिफंड पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। जिन निवेशकों ने पहले क्लेम किया था लेकिन दस्तावेजों की कमी, गलत बैंक डिटेल या आधार संबंधी त्रुटि के कारण उनका दावा अटक गया था, वे अब जानकारी सुधारकर दोबारा आवेदन कर सकते हैं। ध्यान देने वाली बात यह है कि अगर आपने पहले से क्लेम किया है, तो 45 दिन पूरे होने के बाद ही री-सबमिशन किया जा सकता है।
‘संशोधन का अवसर दिया गया है’
सरकार के मुताबिक सही तरीके से दोबारा जमा किए गए दावों की जांच 45 कार्य दिवसों के भीतर की जाएगी और पात्र पाए जाने पर राशि सीधे बैंक खाते में ट्रांसफर की जाएगी। पहले चरण में हजारों निवेशकों को 50,000 रुपये तक का रिफंड मिल चुका है, जबकि जिनके आवेदन में कमी पाई गई थी, उन्हें अब संशोधन का अवसर दिया गया है।
कैसे करें आवेदन?
CRCS-सहारा रिफंड पोर्टल पर जाएं।
आधार से लिंक मोबाइल नंबर से लॉगिन करें।
अपनी निवेश संबंधी जानकारी और दस्तावेज अपलोड करें।
बैंक खाता विवरण, IFSC कोड और आधार नंबर सही-सही भरें।
आवेदन सबमिट करने के बाद स्टेटस नियमित रूप से चेक करते रहें।
पोर्टल के हेल्पडेस्क नंबर
अगर तकनीकी दिक्कत आती है तो पोर्टल के हेल्पडेस्क नंबर 011-20909044 या 011-20909045 पर संपर्क किया जा सकता है।
13 करोड़ निवेशकों के 1.12 लाख करोड़
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक सहारा-सेबी खाते में लगभग 26,000 करोड़ रुपये जमा हैं, जिनमें से 5,000 करोड़ रुपये रिफंड प्रक्रिया के लिए निर्धारित किए गए थे। वर्ष 2022 में सरकार ने संसद में बताया था कि सहारा समूह की विभिन्न योजनाओं में करीब 13 करोड़ निवेशकों के 1.12 लाख करोड़ रुपये से अधिक फंसे हुए हैं।
लाखों निवेशकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद
इस नई व्यवस्था से लाखों निवेशकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। खासतौर पर वे लोग, जिनका पैसा वर्षों से अटका हुआ है, अब संशोधित आवेदन के जरिए 10 लाख रुपये तक की राशि वापस पाने के लिए पात्र हो सकते हैं। हालांकि, जरूरी है कि आवेदन करते समय सभी जानकारी सटीक और दस्तावेज स्पष्ट हों, ताकि क्लेम दोबारा अस्वीकृत न हो।
समय सीमा के भीतर आवेदन कर दें
सरकार का दावा है कि पारदर्शी और डिजिटल प्रक्रिया के जरिए रिफंड को तेज और सरल बनाया गया है। अगर आपका पैसा सहारा की किसी स्कीम में फंसा है, तो यह मौका हाथ से न जाने दें और तय समय सीमा के भीतर आवेदन कर दें।





