नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। बचत की आदत और स्मार्ट निवेश जीवन के कई बड़े लक्ष्यों को आसानी से पूरा कर देते हैं। ऐसे में अगर आप अभी 26 साल के हो गए है और 50 की उम्र तक चाहते हैं कि, आपके पास दो करोड़ रुपए का फंड तैयार हो, तो अब से आपको एक स्मार्ट फाइनेंशियल प्लानिंग की जरूरत है। एसआईपी यानी सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान जिसके जरिये म्यूचुअल फंड्स में निवेश इसका सबसे आसान और पॉपुलर तरीका है।
आसान भाषा में जानें SIP का गुणा भाग
म्युचूअल फंड में निवेश पर रिटर्न की कोई लिमिट नहीं है, फिर भी एक औसत रिटर्न 12 प्रतिशत मानकर हम कैलकुलेशन से रिटर्न को समझ सकते हैं। जिससे एसआईपी आपको करोड़पति बना सकता है। 50वें साल की उम्र में 2 करोड़ का लक्ष्य हासिल के लिए हर महीने कितनी SIP करनी होगी जाने आसान भाषा में।
ये रहा कैलकुलेशन
म्युचूअल फंड में निवेश पर रिटर्न की कोई लिमिट नहीं है, फिर भी एक औसत रिटर्न 12 प्रतिशत मानकर हम कैलकुलेशन से रिटर्न को समझ सकते हैं। आप अगर आज 26 साल के हैं तो अभी से आपको अगले 24 साल यानि 288 महीने तक एसआईपी में एक तय रकम निवेश करना है। अगर सालाना रिटर्न 12% मानें जो कि, अच्छे इक्विटी म्यूचुअल फंड में संभव है। तो एंजल वन एसआईपी कैलकुलेशन के मुताबिक, जब आप ₹ 12000 हर महीने SIP में निवेश करेंगे तो अगले 24 साल बाद आपके पास 2,00,72,246 का फंड तैयार हो जाएगा। यानी12,000 प्रति माह की SIP आज से शुरू करें तो, 50 की उम्र तक आप ₹ 2 करोड़ का फंड जमा सकते है।
अगर देर की तो…?
अगर आप 5 साल बाद 31 की उम्र में SIP शुरू करते हैं, तो 2 करोड़ पाने के लिए आपको लगभग 22,900 प्रति माह निवेश करना पड़ेगा। यानी समय जितना पहले, निवेश उतना कम। इसलिए, जितनी जल्दी हो सके एसआईपी के जरिये म्युचूअल फंड में निवेश शुरू कर देना चाहिए। आप किसी भरोसेमंद म्यूचुअल फंड कंपनी या प्लेटफॉर्म या बैंक से एसआईपी की शुरुआत कर सकते हैं। लंबी अवधि के लिए इक्विटी म्युचुअल फंड पर फोकस कर सकते हैं।
SIP में निवेश के फायदे
SIP आपको बाजार में गिरावट के समय अधिक यूनिट खरीदने और बाजार में तेजी के समय कम यूनिट खरीदने की सुविधा देता है। एसआईपी एक अनुशासित निवेशक बनने के लिए ट्रेंड करता है। एक बार एसआईपी शुरू करने के बाद, आपको हर महीने म्यूचुअल फंड में एक निश्चित राशि जमा करनी होती है। यह आदत विकसित हो जाती है। एसआईपी निवेश का एक बेहद सुविधाजनक तरीका है। आपको बस एक भरा हुआ नामांकन फॉर्म और एक चेक जमा करना होता है, जिसे म्यूचुअल फंड द्वारा मांगी गई तारीख पर जमा करना होता है। फिर, यूनिट आपके खाते में जमा हो जाएंगी और आपको इसका बाकायदा इसका SMS भेज दिया जाता है।





