नई दिल्ली, 4 मार्च (आईएएनएस)। दुनिया भर में 2021 में कम से कम 7.5 करोड़ ट्वीट नॉन-फंगिबल टोकन (एनएफटी) पर भेजे गए हैं और अकेले भारत में जनवरी 2021 से जनवरी 2022 के बीच एनएफटी बातचीत में 3000 फीसदी की वृद्धि हुई है। शुक्रवार को रिपोर्ट में इसकी जानकारी दी गई है। ट्विटर के मुताबिक, जहां ये आंकड़े रोमांचक हैं, वहीं ध्यान देने वाली बात यह भी है कि भारत में सिर्फ 15 फीसदी बातचीत महिलाओं से ही होती है। ट्विटर इंडिया में पार्टनर्स के प्रमुख, चेरिल-एन कूटो ने एक बयान में कहा, ट्विटर पर, हमारा उद्देश्य खुली सार्वजनिक बातचीत को सक्षम करना है और हम इस बात से रोमांचित हैं कि कैसे अधिक महिलाएं न केवल जागरूक होने के लिए, बल्कि अपनी स्वयं की रचनाओं के माध्यम से सशक्त बनने के लिए सेवा का अधिक से अधिक लाभ उठा रही हैं। कूटो ने कहा, हमारे पास महिला एनएफटी रचनाकारों की भावना को बढ़ावा देने के लिए बहुत सारी रोमांचक चीजें हैं और इस बातचीत को और अधिक समावेशी देखने के लिए इंतजार नहीं कर सकता। कम से कम 26 प्रतिशत महिलाओं का मानना है कि एनएफटी एक आकर्षक निवेश हो सकता है और 25 प्रतिशत इसे विशिष्टता और स्वतंत्र कलाकारों का समर्थन करने के अवसर के रूप में देखते हैं। 24 प्रतिशत महिलाओं का मानना है कि ब्रांड के लिए नई और विशिष्ट सामग्री साझा करने के लिए एनएफटी एक अच्छा तरीका है। ट्विटर ने कहा कि वह मीडिया और प्रौद्योगिकी में इस बड़े बदलाव के दौरान महिलाओं के लिए अविश्वसनीय अवसर पैदा कर रहा है। कंपनी ने कहा कि ट्विटर का खुला और संवादी स्वभाव महिलाओं को एनएफटी के इस बढ़ते समुदाय में भाग लेने और बातचीत का मालिक बनने में सक्षम बनाता है। –आईएएनएस एसकेके/एएनएम




