बीजापुर, 09 मार्च (हि.स.)। जनपद पंचायत बीजापुर के अंर्तगत ग्राम पंचायत मुसालूर के ग्राम नुकनपाल में मनरेगा के तहत वित्तीय वर्ष 2020-21 में 19 लाख 99 हजार रुपये की लागत से नवीन तालाब निर्माण कार्य स्वीकृत किये गए थे। निरीक्षण में पाया गया कि मनरेगा के नियमों के विपरीत कार्य को मशीन से कराया गया है। कलेक्टर रितेश अग्रवाल ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्य को निरस्त कर संबंधितों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई किये जाने के लिए निर्देश दिए। जिसके फलस्वरूप मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत पोषण चंद्राकर ने संबंधितों पर एफआईआर कर कार्य पर व्यय राशि की वसूली की कार्यवाही करने जनपद सीईओ पर पत्र जारी कर निर्देश दिए हैं। उल्लेखनीय है कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम के अध्याय 3 के धारा 03.03 में योजना के क्रियान्वयन में ठेकेदारी प्रथा प्रतिबंधित है। साथ ही मानव श्रम के स्थान पर कार्य करने वाली मशीनों का उपयोग प्रतिबंधित है। मनरेगा के उपबंधों का अनुपालन न किये जाने को मनरेगा के अनुसार अपराध माना जायेगा और ऐसी दशा में इस अधिनियम की धारा 25 के उपबंध लागू होंगे। हिन्दुस्थान समाचार/राकेश पांडे





