नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। 27 September 2014। घर आंगन में अक्सर लोग तुलसी का पौधा लगाते हैं और उसकी पूजा अर्चना करते हैं। जिस घर में तुलसी का पौधा होता है वहां बरकत और सुख समृद्धि अपने आप आती है। वहीं, वास्तु शास्त्र में भी तुलसी के पौधे के बारे में कई बातें बताई गई है। जिसे आपको जानना चाहिए और अच्छे से समझना चाहिए ताकि आप कोई गलती न करें।
तुलसी से जुड़ा या वास्तु उपाय
अगर आप अपने घर में तुलसी का नया पौधा लगा रहे तो आप इसे ईशान कोण में ही लगाएं। क्योंकी ये भगवान का स्थान माना गया है। वहीं, इस पौधे को दक्षिण दिशा में लगाने से जीवन में कष्टों का दौर शुरू हो जाता है। इसलिए आपको भूलकर भी इस दिशा में तुलसी का पौधा नहीं लगना चाहिए।
हम तुलसी का पौधा या उसके पत्ते कभी भी तोड़ लेते हैं ऐसा बिल्कुल नहीं करना चाहिए। वास्तु शास्त्र में बताया गया है कि, शास्त्रों के अनुसार सूर्यास्त के बाद तुलसी पत्तों को नहीं तोड़ना चाहिए। ऐसा करने से वास्तु दोष होता है। रविवार को छोड़कर हर दिन शाम को घी का दीपक जला सकते हैं। ऐसा करने से घर में लक्ष्मी जी का वास होता है। धन संबंधी समस्याएं दूर होती है।
वास्तु शास्त्र के अनुसार तुलसी का सूखा पौधा भी घर में नहीं रखना चाहिए। अगर आपके घर की तुलसी सूख गई है तो आप उन्हें कहीं बहती नदी में विसर्जन कर दें, या किसी दूसरे स्थान किसी बड़े वृक्ष के नीचे रख दें। लेकिन आप उन्हें घर में ना रखें क्योंकि घर में सूखी तुलसी रखने से घर में नर्क नकारात्मकता और अशांति फैलती है। इसके साथ ही कभी आपके बिना नहाए तुलसी को स्पर्श नहीं करना चाहिए। तुलसी का पौधा बहुत ही पवित्र पौधा माना जाता है आप जब भी इसे तोड़े बिना नहाए न छुएं।
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