back to top
22.1 C
New Delhi
Sunday, March 15, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img

Vastu Tips: वरुथिनी एकादशी के दिन वास्तु के अनुसार करें ये काम, भगवान विष्णु हो जाएंगे प्रसन्न

Varudhini Ekadashi 2024: वरुथिनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु की पूजा अर्चना होती है लेकिन वास्तु के अनुसार कुछ नियम का पालन करना अनिवार्य है।

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क।4 May 2024। वैशाख माह में जो एकादशी पड़ती है उसे वरुथिनी एकादशी कहा जाता हैं। मान्यता है कि भगवान विष्णु के वराह अवतार की पूजा इस दिन करने से भय से मुक्ति मिलती है और पुण्यों की प्राप्ति होती है। अगर आप इस एकादशी में व्रत रखने वाले हैं तो यह जान ले की वास्तु के अनुसार क्या करना चाहिए और क्या नहीं?

वरुथिनी एकादशी के दिन जरूर करें ये काम

वास्तु शास्त्र के अनुसार आज के दिन विष्णु भगवान के वराह अवतार पूजा अर्चना की जाती है। कहते हैं कि भगवान को नीला रंग बहुत पसंद है इसीलिए नीले फूल और नील रंग का ही भोग लगाएं।

इस प्रकार करें दान

एकादशी के दिन दान करने का भी बहुत महत्व है लेकिन वास्तु के अनुसार वस्त्र, अनाज और धन के अलावा आप नीले रंग की वस्तुएं अथवा नीले रंग के आभूषण का दान कर सकते हैं इससे भगवान जल्दी प्रसन्न होते हैं।

पूजा करते समय ना करें क्रोध

वरुथिनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु के वराह अवतार की पूजा के दौरान मन में किसी के प्रति क्रोध न लाएं। क्योंकि ऐसा करने से भगवान भी क्रोधित हो जाते हैं और क्रोध अवतार में आते हैं।

ना करें चावल का सेवन

एकादशी के दिन तामसिक चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए। इसके साथ ही एकादशी के दिन चावल का सेवन वर्जित माना गया है। ऐसा करने से भगवान नाराज हो जाते हैं और आपको कोई भी फल प्राप्त नहीं होता।

चंद्रदोष से मिलेगा छुटकारा

वरुथिनी एकादशी के दिन व्रत रखने से आप चंद्र दोष से भी छुटकारा पा सकते हैं। अगर आपकी कुंडली में चंद्र दोष का प्रभाव है तो उसे कम कर सकते हैं। क्योंकि एकादशी व्रत का सीधा प्रभाव मन और शरीर दोनों पर पड़ता है।

अन्य ख़बरों के लिए क्लिक करें – www.raftaar.in

डिसक्लेमर

इस लेख में प्रस्तुत किया गया अंश किसी भी जानकारी/सामग्री/गणना की पूरी सटीकता या विश्वसनीयता की पुष्टि नहीं करता। यह जानकारियां विभिन्न स्रोतों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/प्रामाणिकताओं/धार्मिक प्रतिष्ठानों/धर्मग्रंथों से संग्रहित की गई हैं। हमारा मुख्य उद्देश्य सिर्फ सूचना प्रस्तुत करना है, और उपयोगकर्ता को इसे सूचना के रूप में ही समझना चाहिए। इसके अतिरिक्त, इसका कोई भी उपयोग करने की जिम्मेदारी सिर्फ उपयोगकर्ता की होगी।

Advertisementspot_img

Also Read:

spot_img

Latest Stories

Vastu Tips: पापमोचनी एकादशी के दिन करें ये वास्तु उपाय, घर में सुख समृद्धि की होगी वृद्धि

नई दिल्ली रफ्तार डेस्क। पापमोचनी एकादशी के दिन आपको...