कठुआ, 10 मार्च (हि.स.)। पिछले 10 दिन से सफाई कर्मचारी अपनी लंबित मांगों को लेकर लगातार धरने प्रदर्शन कर रहे हैं, 10वें दिन भी सफाई कर्मचारियों ने अपना धरना प्रदर्शन जारी रखते हुए सफाई कर्मचारी यूनियन के सदस्यों ने बुधवार को शहर के बीचोबीच एक रैली का आयोजन किया। जिसमें डोगरा स्वाभिमान संगठन के संस्थापक चै. लाल सिंह ने समर्थन किया। शहर के बीचोबीच सफाई कर्मचारियों ने रोष मार्च निकाला और यूटी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और मांगें पूरी करने के लिए यूटी सरकार से गुहार लगाई। डोगरा स्वाभिमान संगठन के संस्थापक चै. लाल सिंह भी स्वंय रोष मार्च में शामिल हुए। वहीं सिंह ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि हमारे सफाई कर्मचारी पिछले 10 दिन से अपनी मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन कर रहे हैं लेकिन अंधी बहरी सरकार के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही। उन्होंने कहा कि बेशर्मी की भी हद हो गई है इनके धरने प्रदर्शन पर गौर नहीं किया जा रहा। उन्होंने कहा कि पूरे शहर की सफाई व्यवस्था इनके हाथों में है, पूरे शहर का कूड़ा कचरा हमारे सफाई कर्मचारी उठाते हैं, लेकिन हालात ये हैं कि इनकी जेबों में पैसे नहीं है, ना ही इनके बच्चों की शिक्षा के लिए पैसे हैं ना ही भरपेट खाना खाते हैं। उसके बावजूद भी शहर को पूरी तरह से साफ-सफाई रखते हैं, लेकिन सरकार में बैठे प्रशासनिक अधिकारियों के कानों में जूं तक नहीं रेंग रही। सफाई कर्मचारियों का कहना है कि जब तक उनकी जायज मांगे पूरी नहीे की गई तब तक हड़ताल जारी रहे गी। इन मुख्य मांगों में स्थाई करने की नीति, ढाई दिन का वेतन, एसआरओ 43 लागू करना है। जिस पर अभी तक सरकार ने कोई भी उचित कदम नहीं उठाया है। सफाई कर्मचारियों ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि इस बार झूठे आश्वासन से वह हड़ताल को खत्म नहीं करेंगे, जैसे हर साल उन्हें झूठे आश्वासन देकर हड़ताल बंद करवा दी जाती है। लेकिन इस बार सफाई कर्मचारी यूनियन ने ठान लिया है कि जब तक उनकी जायज मांगे पूरी नहीं की गई तब तक धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। हिन्दुस्थान/समाचार/सचिन/बलवान





