नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। अगर आप ट्रैवल लवर हैं और अलग-अलग जगहों को एक्सप्लोर करना आपको बहुत अच्छा लगता है तो कुछ खास ट्रैवलिंग टिप्स को जरूर फॉलो कर लीजिए। अक्सर ऐसा होता है कि फ्लाइट से सफर करने के दौरान हमारा लगेज कहीं गुम हो जाता है। इसके बाद पैसेंजर को काफी परेशानी भी होती है। अगर लगेज में कीमती सामान हो तो बहुत अफसोस होता है। ऐसे में आपको एयरपोर्ट पर लगेज सही सलामत वापस चाहिए तो आपको कुछ टिप्स फॉलो कर लेने चाहिए।
पैसेजंर्स को होती है ये परेशानियां
एयरपोर्ट पर सामान का खो जाना एक आम बात है। ऐसे में पैसेंजर्स को तब ज्यादा दुख होता है जब उनके लगेज में कोई कीमती सामान रखा होता है। कई बार ऐसा होता है कि लगेज मिस्प्लेस भी हो जाता है जिसे ढूंढने में काफी समय बर्बाद होता है। अक्सर ऐसा भी होता है कि जो बैग एक बार खो जाता है वह वापस नहीं मिलता। ऐसे में ज्यादातर पैसेंजर एयरलाइंस के कस्टमर केयर से संपर्क करने की कोशिश करते हैं। एयरलाइंस की तरफ से भी कोई सही जवाब नहीं मिल पाता।
लगेज खो जाने पर क्या करें
अगर एयरपोर्ट पर आपका लगेज खो जाता है तो ऐसे में आपको सबसे पहले हेल्प डेस्क पर पैसेंजर इरेगुलेटी रिपोर्ट यानी कि पीआईआर फाइल करनी चाहिए। इसमें आपको अपने समान से जुड़ी हुई जानकारी देनी होती है। आपको अपना एड्रेस, कांटेक्ट नंबर बताना होता है। इस तरह से आपकी कंप्लेंट रजिस्टर हो जाती है जिसकी एक कॉपी आपको अपने पास रखनी चाहिए। ध्यान रखें की कंप्लेंट पर क्लेम नंबर जरूर होना चाहिए। आप इसकी मदद से एयरलाइन की वेबसाइट पर शिकायत का स्टेटस भी देख सकते हैं।
सामान ना मिलना और डैमेज हो जाने पर क्या करें
अगर आपका सामान शिकायत करने के बाद भी नहीं मिला है तो आपको एयरलाइन की वेबसाइट पर क्लेम दर्ज करना है। आपका जो सामान खो गया है उसकी पूरी जानकारी देनी है। कीमत और सामान खरीदने की तारीख भी बतानी है। अगर आपका सामान डैमेज हो गया है तो इसकी रिपेयरिंग को लेकर भी शिकायत दर्ज कर सकते हैं। यह शिकायत सामान मिलने के 24 घंटे के अंदर होती है।
यह काम भी है जरूरी
अगर आप एयरपोर्ट पर अपने सामान को खोने से बचना चाहते हैं, तो इसके लिए दो काम करने जरूरी है। आपको अपने सामान में दो टैग लगाने हैं। पहला टैग आपको सामान के बाहर लगाना है और दूसरा टैग सामान के अंदर लगाना है। दोनों टैग पर आपको अपना नाम, पता और कांटेक्ट डिटेल जरूर लिखना है। अपने सामान को पहचानने के लिए आप जीपीएस टैग भी लगा सकते हैं।




