नई दिल्ली, रफ्तार न्यूज। अगर आप भी फैमिली के साथ कहीं घूमने का प्लान बना रहे हैं तो आपको खाटू श्याम बाबा लक्खी मेल जरूर जाना चाहिए। हर साल लाखों की संख्या में श्रद्धालु खाटू श्याम दर्शन के लिए जरूर जाते हैं लेकिन इन दिनों यहां की रौनक कुछ और ही होती है। खाटू श्याम में मेले की तैयारी काफी अच्छे तरीके से की जाती है इस बार भी प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधाओं के लिए व्यवस्था की है। अगर आप भी इस मेले में जाने की तैयारी कर रहे हैं तो आपको मेले की पूरी जानकारी, दर्शन व्यवस्था और कुछ जरूरी टिप्स ध्यान में रख लेना चाहिए।
इतना लंबा सफर तय करना पड़ेगा
जो श्रद्धालु खाटू श्याम बाबा के दर्शन करने आ रहे हैं मेले में उन्हें 35 किलोमीटर का पैदल सफर तय करना होगा। भीड़ को कंट्रोल करने के लिए इस बार काफी अच्छी व्यवस्था की गई है और कई बदलाव भी किए गए हैं। श्रद्धालुओं को दर्शन में आसानी के लिए जिगजैग मार्ग बनाए गए हैं। इस तरह से भीड़ को कंट्रोल किया जाएगा।
श्रद्धालुओं के लिए बनाई गई लाइनें
खाटू श्याम के दर्शन के लिए रींगस रोड से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए 14 लाइनों की व्यवस्था की गई है। दांता रोड से आने वाले श्रद्धालु लाला मांगीराम धर्मशाला से जिगजैग मार्ग के जरिए 14 लाइन में प्रवेश कर जाएंगे। रास्ते में श्रद्धालुओं के लिए कारपेट में बिछाया गया है।
बुजुर्गों के लिए की गई खास व्यवस्था
दिव्यांगों और बुजुर्गों के लिए खास व्यवस्था की गई है ताकि वह भी मेले का हिस्सा बन सकें। अगर कोई व्यक्ति ठीक से चल नहीं पता है तो वह व्हीलचेयर के जरिए दर्शन के लिए मंदिर तक पहुंच सकता है।
क्या है इस मेले का महत्व
बाबा खाटू श्याम लक्खी मेले के महत्व के बारे में जाने तो यह बेहद ही विशेष होता है। यह राजस्थान का सबसे बड़ा आयोजन माना जाता है। इस मेले में हर साल लाखों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं और बाबा के दर्शन के साथ मनोकामना पूर्ति इच्छा मांगते हैं।
मेले में जाने वाले लोगों के लिए जरूरी बातें
अगर आप अपने पूरे परिवार के साथ जा रहे हैं तो बच्चों का खास ध्यान रखना चाहिए। भीड़भाड़ वाली जगह पर आपको बच्चों का हाथ नहीं छोड़ना चाहिए।





