नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । अक्टूबर का महीना घूमने के लिए एकदम परफेक्ट माना जाता है, क्योंकि मौसम सुहावना रहता है और बारिश का असर भी खत्म हो चुका होता है। इस समय न ज्यादा गर्मी होती है और न ही ज्यादा ठंड, जिससे सफर और घूमना-फिरना आसान और मजेदार हो जाता है।
भारत में जब भी हिल स्टेशनों की बात होती है तो ज्यादातर लोग उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश को ही याद करते हैं। लेकिन देश के पूर्वोत्तर राज्यों में भी कई ऐसे खूबसूरत हिल स्टेशन मौजूद हैं, जहां अक्टूबर के सुहावने मौसम में सैर करना यात्रियों के लिए किसी तोहफे से कम नहीं होता।
अक्तूबर माह के इस मौसम में बिहार के हिल स्टेशन खास आकर्षण का केंद्र बन जाते हैं। यहां की पहाड़ियां हरियाली से ढक जाती हैं और मौसम सुकून भरा हो जाता है। राजगीर की घाटियां, गर्म पानी के कुंड और ऐतिहासिक महत्व से जुड़ी जगहें सैलानियों को लुभाती हैं।
वहीं, गया और बोधगया का शांत वातावरण आध्यात्मिक सुकून प्रदान करता है। अगर आप भीड़-भाड़ से दूर प्रकृति के बीच समय बिताना चाहते हैं, तो बिहार के ये हिल स्टेशन आपका मन मोह लेंगे।
ब्रह्माजुनी हिल (Brahmajuni Hill)
बिहार का ब्रह्मजुनी हिल इतिहास, आस्था और प्रकृति का अनोखा संगम है। हरे-भरे मैदानों से घिरी यह पहाड़ी विष्णुपद मंदिर के अद्भुत नजारे प्रस्तुत करती है। प्राचीन गुफाओं की नक्काशी और बुद्ध द्वारा दिए गए अग्नि उपदेश की मान्यता इसे और भी खास बनाती है, जो यात्रियों को मंत्रमुग्ध कर देती है।
रामशिला हिल (Ramsila Hill)
गया जिले की प्रसिद्ध रामशिला हिल्स धार्मिक आस्था और ऐतिहासिक महत्व से जुड़ी मानी जाती है। यहां स्थित प्राचीन रामेश्वर मंदिर का निर्माण 1014 ईस्वी में हुआ था। मंदिर के सामने बने मंडप में पितृपक्ष के दौरान श्रद्धालु पिंडदान करते हैं। मान्यता है कि यहीं भगवान श्रीराम ने अपने पितरों को पिंड अर्पित किया था।
प्रेतशिला हिल (Pretshila Hill)
गया जिले में रामशिला से करीब 10 किलोमीटर दूर स्थित प्रेतशिला पहाड़ी प्राकृतिक सुंदरता और धार्मिक महत्व का संगम है। यहां से ब्रह्मकुंड और पूरे गया शहर का नजारा बेहद मनमोहक दिखाई देता है। इस पहाड़ी पर स्थित अहिल्या बाई का ऐतिहासिक मंदिर अपनी अद्भुत स्थापत्य कला से पर्यटकों को आकर्षित करता है।
प्रागबोधि (Pragbodhi)
बिहार की प्रमुख पहाड़ियों में से एक प्रागबोधी, जिसे धुंगेश्वर के नाम से भी जाना जाता है, ऐतिहासिक और धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। कहा जाता है कि भगवान बुद्ध ज्ञान प्राप्ति से पहले यहीं रुके थे। इस पहाड़ी पर कई प्राचीन स्तूप स्थित हैं, जिनकी सुंदरता और ऐतिहासिक महत्व पर्यटकों और श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है।
गुरपा पीक (Gurpa Peak)
बिहार के गुरपा गांव के पास स्थित पवित्र पर्वत शिखर, गुरपा चोटी, धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। यहां हिंदू और बौद्ध अवशेषों वाले कई प्राचीन मंदिर बसे हैं। स्थानीय मान्यता के अनुसार, इसी पहाड़ी पर भगवान बुद्ध के उत्तराधिकारी महा कश्यप ने ध्यान साधना की थी, जिससे यह स्थल श्रद्धालुओं और इतिहास प्रेमियों के लिए खास बन गया है।





