नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । गूगल ने स्मार्टफोन यूजर्स को एक गंभीर चेतावनी दी है, जिसमें बताया गया है कि दुनियाभर में लगभग 40% स्मार्टफोन यूजर्स मैलवेयर और स्पाईवेयर के खतरे में हैं। ये खतरा मुख्य रूप से पुराने एंड्रॉयड ऑपरेटिंग सिस्टम (OS) वर्जन्स के कारण हो रहा है, जो अब सिक्योरिटी अपडेट्स नहीं प्राप्त कर रहे हैं।
फॉर्ब्स की रिपोर्ट के अनुसार, जो एंड्रॉयड 13 या उससे पुराने वर्जन्स का उपयोग कर रहे हैं, उनके स्मार्टफोन पर सबसे ज्यादा खतरा मंडरा रहा है। दुनियाभर में ऐसे स्मार्टफोन यूजर्स की संख्या 1 अरब से ज्यादा है और वे पुराने ऑपरेटिंग सिस्टम की वजह से साइबर अटैक्स का शिकार हो सकते हैं।
दुनियाभर में Android 16 की मौजूदगी अभी तक सिर्फ 7.5% स्मार्टफोन में देखी गई है, जैसा कि दिसंबर तक के डेटा से सामने आया है। इसके मुकाबले, Android 15 पर 19.3% स्मार्टफोन काम कर रहे हैं, जबकि Android 14 पर 17.9% और Android 13 पर 13.9% स्मार्टफोन चल रहे हैं।
रिपोर्ट्स के अनुसार, 58% स्मार्टफोन ऐसे हैं जो अभी भी सिक्योरिटी सपोर्ट के अंदर आते हैं, जबकि 40% स्मार्टफोन ऐसे हैं जिनके लिए अब सिक्योरिटी अपडेट्स उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे फोन यूजर्स को संभावित साइबर खतरों का सामना करना पड़ सकता है, क्योंकि उन्हें अब किसी भी सिक्योरिटी पैच या अपडेट का लाभ नहीं मिल रहा है।
पुराने एंड्रॉयड यूजर्स के लिए गूगल की सलाह
गूगल ने पुराने एंड्रॉयड OS वाले स्मार्टफोन यूजर्स को चेतावनी दी है। विशेषज्ञों का कहना है कि जो मोबाइल पुराने वर्जन पर चल रहे हैं, उन्हें लेटेस्ट एंड्रॉयड OS में अपडेट करना चाहिए। साथ ही, यूजर्स को सिक्योरिटी सपोर्ट और पैच को नियमित रूप से अपडेट करते रहना चाहिए, ताकि मैलवेयर और स्पाईवेयर जैसी खतरनाक परिस्थितियों से सुरक्षा बनी रहे।
iPhone को मिलते हैं सिक्योरिटी अपडेट
हालांकि गूगल की इस चेतावनी के बीच iPhone यूजर्स के लिए राहत है, क्योंकि उन्हें समय रहते सिक्योरिटी अपडेट मिलते रहते हैं, जबकि कई पुराने एंड्रॉयड स्मार्टफोन में यह सुविधा नहीं मिल पाती। यदि किसी एंड्रॉयड डिवाइस पर कंपनी की ओर से सपोर्ट बंद कर दिया गया है, तो यूजर्स को नया स्मार्टफोन खरीदने पर विचार करना चाहिए। यह कदम सुरक्षा के लिहाज से जरूरी है।
स्मार्टफोन कंपनियां देती हैं 4-5 साल तक सिक्योरिटी अपडेट
स्मार्टफोन मैन्युफैक्चरर्स अपने हैंडसेट के लिए आमतौर पर 4 से 5 साल तक सिक्योरिटी अपडेट प्रदान करते हैं। हालांकि, Samsung और Google Pixel ने एक नई पहल करते हुए अपने स्मार्टफोन्स के लिए 7 साल से ज्यादा के सिक्योरिटी अपडेट देने का ऐलान किया है। यह कदम उनके यूजर्स के लिए काफी राहत भरा माना जा रहा है।
सिक्योरिटी अपडेट क्या होता है और क्यों है यह जरूरी?
सिक्योरिटी अपडेट स्मार्टफोन मैन्युफैक्चरर्स द्वारा जारी किए जाते हैं, जो डिवाइस की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए होते हैं। इन अपडेट्स का मुख्य उद्देश्य उन बग्स और कमजोरियों को ठीक करना है, जो पुराने ऑपरेटिंग सिस्टम में हो सकती हैं। ये खामियां हैकर्स के लिए डिवाइस तक पहुंचने का मौका दे सकती हैं और डेटा चोरी का कारण बन सकती हैं।
स्मार्टफोन हैकिंग की घटनाएं तब होती हैं जब इन कमजोरियों का फायदा उठाया जाता है। इसलिए नियमित सिक्योरिटी अपडेट्स बेहद जरूरी हैं ताकि आपका फोन सुरक्षित रहे। Android OS का उपयोग दुनियाभर में कई कंपनियां करती हैं, जैसे सैमसंग, रियलमी, रेडमी, ओप्पो, और वनप्लस, जबकि iPhone में इस्तेमाल होने वाला iOS सिर्फ एप्पल के स्मार्टफोन्स में होता है और उनकी संख्या सीमित होती है।





