हरियाणा में हुई महापंचायत में मुसलमानों का बहिष्कार करने वाली टिप्पणी पर क्या बोला सुप्रीम कोर्ट?

हरियाणा की महापंचायत में एक समुदाय के बहिष्कार की अपील के मामले पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि चाहे किसी भी पक्ष का मामला हो, कानून के हिसाब से निपटना चाहिए।
सुप्रीम कोर्ट
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नई दिल्ली, हि.स.। हरियाणा की महापंचायत में एक समुदाय के बहिष्कार की अपील के मामले पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि चाहे किसी भी पक्ष का मामला हो, कानून के हिसाब से निपटना चाहिए। जस्टिस संजीव खन्ना की अध्यक्षता वाली बेंच ने मामले की अगली सुनवाई 25 अगस्त को करने का आदेश दिया।

गुरुग्राम महापंचायत में मुसलमानों के बहिष्कार की घोषणा

कोर्ट में आज सुनवाई के दौरान केरल में 26 जुलाई को इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग की ओर से आयोजित रैली का मुद्दा उठाया गया, जहां एक खास समुदाय की मौत का नारा लगाया गया था। इस पर कोर्ट ने कहा कि हम पहले ही तहसीन पूनावाला केस में दिशा-निर्देश जारी कर चुके हैं। उन पर अमल सुनिश्चित किया जाना चाहिए। नूंह हिंसा पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने 11 अगस्त को कहा था कि गुरुग्राम महापंचायत में मुसलमानों के बहिष्कार की घोषणा किसी भी तरह अस्वीकार्य है। जस्टिस संजीव खन्ना की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा था कि भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकने के लिए मैकेनिज्म बनाना जरूरी है।

सोशल मीडिया पर 2 अगस्त से वायरल एक वीडियो का दिया हवाला

याचिका में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद 27 से ज्यादा रैलियां की गई, जिसमें हेट स्पीच हुई। सोशल मीडिया पर 2 अगस्त से वायरल एक वीडियो का हवाला दिया गया, जिसमें हिसार में समस्त हिन्दू समाज की रैली में मुस्लिमों के बहिष्कार का आह्वान पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में किया गया था। इसी तरह 4 अगस्त को मध्य प्रदेश के सागर में विश्व हिंदू परिषद के नेता कपिल स्वामी ने मुस्लिमों के बायकॉट का खुला आह्वान किया। इसके बाद 6 अगस्त को पंजाब के फाजिल्का में बजरंग दल नेता ने नासिर और जुनैद को जलाकर मारने की घटना को सही ठहराया।

हिंदू धर्म के नाम पर लोगों को मुसलमानों के खिलाफ भड़का रहे

सीपीएम नेता बृंदा करात और केएम तिवारी ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दाखिल कर हेट स्पीच मामले में पक्षकार बनने की मांग करते हुए कहा है कि वह इस मामले में अपना पक्ष रखना चाहते हैं। याचिका में कहा गया है कि विश्व हिन्दू परिषद और बजरंग दल के नेता सार्वजनिक बैठकों में हिंदू धर्म के नाम पर लोगों को मुसलमानों के खिलाफ भड़का रहे हैं। साथ ही सलमानों के आर्थिक और सामाजिक बहिष्कार की लगातार मांग की जा रही है। याचिका में दिल्ली में नांगलोई थाने के बाहर हुई हेट स्पीच का जिक्र किया गया है। इसके अलावा दिल्ली के 22 स्थानों पर विश्व हिन्दू परिषद और बजरंग दल के प्रदर्शनों का भी जिक्र किया गया है।

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