नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। केंद्र सरकार ने सामाजिक कार्यकर्ता और इंजीनियर Sonam Wangchuk की हिरासत को खत्म करने का बड़ा फैसला लिया है। गृह मंत्रालय ने राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत मिली शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए उनकी हिरासत तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी है। सरकार के इस फैसले के बाद अब सोनम वांगचुक की रिहाई का रास्ता साफ हो गया है।
शांति और संवाद को बढ़ावा देने के लिए लिया गया फैसला
सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि Ladakh में शांति, स्थिरता और आपसी विश्वास का माहौल बनाना जरूरी है। इसी उद्देश्य से सरकार ने सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद National Security Act के तहत सोनम वांगचुक की हिरासत को समाप्त करने का निर्णय लिया है, ताकि सभी पक्षों के साथ रचनात्मक और सार्थक संवाद आगे बढ़ सके।
कई महीनों से हिरासत में थे वांगचुक
पर्यावरण कार्यकर्ता Sonam Wangchuk को 26 सितंबर 2025 से हिरासत में रखा गया था। उन्हें लद्दाख में कुछ महीने पहले हुई हिंसक घटनाओं के बाद एहतियात के तौर पर हिरासत में लिया गया था और तब से वे पुलिस की निगरानी में थे।
क्यों लिया गया था हिरासत में?
प्रशासन के मुताबिक Ladakh में एक प्रदर्शन के दौरान हालात बिगड़ गए थे और कानून-व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हुई थी। जांच एजेंसियों का कहना था कि कुछ प्रदर्शनों के दौरान भीड़ उग्र हो गई थी और हिंसा की घटनाएं सामने आई थीं। इसी को देखते हुए प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कड़े कदम उठाए और National Security Act के तहत सोनम वांगचुक समेत कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया था।
कौन हैं सोनम वांगचुक?
Sonam Wangchuk लद्दाख के प्रसिद्ध इंजीनियर, शिक्षाविद और पर्यावरण कार्यकर्ता हैं। वे शिक्षा सुधार और पर्यावरण संरक्षण के मुद्दों पर लंबे समय से काम कर रहे हैं। उन्होंने लद्दाख में शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने और स्थानीय पर्यावरण की रक्षा के लिए कई अभियान चलाए हैं। दिलचस्प बात यह है कि 3 Idiots फिल्म में Aamir Khan द्वारा निभाया गया फुनसुक वांगडू का किरदार भी सोनम वांगचुक से प्रेरित माना जाता है। पिछले कुछ समय से Sonam Wangchuk लद्दाख से जुड़े राजनीतिक और संवैधानिक मुद्दों पर भी खुलकर अपनी बात रखते रहे हैं। वे खास तौर पर Ladakh के लिए संवैधानिक सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय लोगों के अधिकारों की मांग को लेकर कई बार आंदोलन और प्रदर्शन कर चुके हैं। सरकार ने अपने बयान में यह भी कहा है कि लद्दाख की सुरक्षा और स्थिरता उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। सरकार ने भरोसा दिलाया कि क्षेत्र की सुरक्षा, विकास और लोगों के हितों की रक्षा के लिए आगे भी सभी जरूरी कदम उठाए जाते रहेंगे।





