नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। प्रधानमंत्री मोदी की अमेरिका के जानेमाने पॉडकास्टर लेक्स फ्रिडमैन से लंबी बातचीत हुई है, जिसमें उन्होंने लेक्स फ्रिडमैन से अपने जीवन यात्रा समेत कई मुद्दों पर गहन चर्चा की। इसमें पीएम मोदी ने अपने उपवास और अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा से जुड़े एक खास वाकये का जिक्र किया, जिसमें पीएम ने सिर्फ पानी पिया था।
फ्रिडमैन ने मोदी से बातचीत से पहले रखा 45 घंटों का उपवास
लेक्स फ्रिडमैन ने पॉडकास्ट में पीएम मोदी से कहा कि उन्हें उपवास पर सवाल पूछना था, इसलिए उन्होंने खुद पॉडकास्ट से पहले 45 घंटों का उपवास रखा था। फ्रिडमैन ने मोदी से पूछा कि क्या आप उपवास के दौरान काम करते हैं? या लोगों से मिलते हैं तो पीएम मोदी ने ओबामा से जुड़ा एक किस्सा शेयर किया।
मोदी ने बताया कि जब बराक ओबामा अमेरिका के राष्ट्रपति थे तब वो अमेरिका दौरे पर थे। उस दौरान वो व्रत में थे। व्हाइट हाउस में मीटिंग के दौरान पीएम मोदी के लिए गर्म पानी आया। तब उन्होंने ओबामा से कहा था- देखो भाई मेरा तो डिनर आ गया है। पीएम मोदी ने बताया कि जब वो दोबारा अमेरिका गए तो ओबामा ने उनसे कहा था- इस बार डबल खाना पड़ेगा।
उपवास क्यों करते हैं पीएम मोदी?
लेक्स फ्रिडमैन ने पीएम मोदी से पूछा, आप उपवास क्यों करते हैं? और उपवास करते समय आपका मन कहा रहता है जो आपको भूख नहीं लगती, इसपर पीएम मोदी ने जवाब दिया- उपवास खुद के अंदर अनुशासन विकसित करने का एक तरीका है। जिसमें उपवास आपकी इंद्रियों को तेज़ करता है, सोच को तेज़ करता है और आपकी वाणी में भी स्पष्टता लाता है।
PM Modi ने बताया कि उनके लिए उपवास भक्ति का भी एक रूप है। उन्होंने बताया कि नवरात्रि के नौ दिन वह केवल एक समय फलाहार करते हैं और फलों का जूस पीते हैं।
लेक्स ने पूछा- आप दुनिया के बड़े नेताओं से मिले हों,और आपका उपवास रहा हो, तब कैसे मैनेज करते हैं? इसपर पीएम मोदी ने कहा कि वो ज्यादातर लोगों को पता नहीं चलने देते कि उनका उपवास है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री और फिर प्रधानमंत्री बनने के बाद लोगों को उनके व्रत के बारे में पता चलने लगा। उन्होंने बताया कि व्रत उनका निजी मामला है और इसके बारे में पूछने पर ही बताते हैं।
पीएम मोदी ने बताया उपवास कैसे करते हैं
पीएम ने बताया कि वह जून से अक्टूबर महीने तक करीब साढ़े चार महीने का चातुर्मास उपवास रखते है। जिसमें वह पूरे दिन भर में एक बार ही भोजन करते है। वहीं नवरात्र के नौ दिनों में वह दिन भर में कोई एक फल एक बार ही लेते है। लेकिन उपवास रखने से पहले खुद को अच्छी तरह से हाइड्रेट करते है जिसमें वे तरल पदार्थ लेते है।
प्रधानमंत्री ने उपवास के महत्व पर चर्चा करते हुए बताया कि, उपवास सिर्फ भोजन छोड़ने की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि एक वैज्ञानिक प्रक्रिया भी है, जिसमें आपके शरीर को विषमुक्त करने में भी मदद मिलती है, और उपवास के दौरान शरीर हाइड्रेट रहता हैं जिससे शरीर में ऊर्जा बनी रहती है।
पीएम ने उपवास का महत्व बताया
उपवास के महत्व को बताते हुए पीएम मोदी ने बताया, भारत में धार्मिक परंपराएं केवल अनुष्ठानों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह एक जीवनशैली का हिस्सा हैं। जिसमें उन्होंने भारतीय शास्त्रों में शरीर, मन, बुद्धि को ऊंचे स्तर पर ले जाने की बातों का जिक्र किया। उन्होंने बताया-
-उपवास रखने से ब्लड शुगर कंट्रोल में रहता है।
– उपवास रखने से हार्ट हेल्थ बेहतर होती है।
-उपवास रखने से इम्यूनिटी बेहतर होती है।
-उपवास रखने से तनाव कम होता है और गुस्सा भी कम होता है।
-उपवास रखने से दिमाग स्थिर और शांत रहता है।
-उपवास रखने से पाचन बेहतर होता है।
– उपवास आत्म-संयम का अभ्यास भी है।





