नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। केरल की वायनाड लोकसभा सीट के उपचुनाव के लिए प्रियंका गांधी ने नामांकन भर दिया है। चुनाव आयोग को दिए अपने शपथ पत्र में प्रियंका गांधी ने जानकारी दी है कि उनकी नेटवर्थ 12 करोड़ रुपये की है। इसमें उनकी चल संपत्ति 4.27 करोड़ की है, वहीं अचल संपत्ति की कीमत 7.41 करोड़ रुपये है। इसके साथ ही प्रियंका ने जानकारी दी है कि उनकी और उनके पति की कुल संपत्ति 78 करोड़ रुपये की है।
Priyanka Gandhi Net Worth
प्रियंका गांधी ने चुनाव आयोग को दिए शपथ पत्र में बताया है कि उनकी चल संपत्ति में तीन बैंक अकाउंट, म्यूचुअल फंड्स और PPF में निवेश, पति से तोहफे में मिला Honda CRV Car और करीब 4400 ग्राम सोना शामिल हैं। वहीं उनकी अचल संपत्ति में विरासत में मिली दो प्रॉपर्टीज़ शामिल हैं। इनमें दिल्ली के मेहरौली इलाके में स्थित एक कृषि भूमि का आधा हिस्सा और इसी इलाके में बने एक फार्म हाउस का आधा हिस्सा शामिल हैं। इसके अलावा उनके पास हिमाचल प्रदेश के शिमला में एक घर है।
प्रियंका ने अपने एफिडेविट में जानकारी दी है कि उनकी कमाई किराए, बैंक इंटरेस्ट और इनवेस्टमेंट से होती है। प्रियंका के ऊपर 15.75 करोड़ रुपये की देनदारी है।
रॉबर्ट वाड्रा के पास कितनी संपत्ति है
प्रियंका गांधी के पति रॉबर्ड वाड्रा के पास 39 करोड़ रुपये की चल संपत्ति है, वहीं उनके पास 27.64 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति है। वहीं, उनके ऊपर करीब 10 करोड़ रुपये की देनदारी है। रॉबर्ट वाड्रा की कमाई का जरिया बिजनेस, किराया, बैंक इंटरेस्ट और इनवेस्टमेंट हैं।
राहुल गांधी के इस्तीफे के बाद खाली हुई वायनाड सीट
लोकसभा चुनाव 2024 में राहुल गांधी ने दो सीटों से चुनाव लड़ा था। उत्तर प्रदेश की रायबरेली सीट और केरल की वायनाड सीट। राहुल गांधी ने दोनों सीट से जीत दर्ज की। हालांकि, वो दोनों में से किसी एक सीट पर ही सांसद रह सकते थे। ऐसे में राहुल गांधी ने रायबरेली सीट को चुना और वायनाड से इस्तीफा दे दिया। अब इस सीट पर उपचुनाव हो रहे हैं, जिसमें राहुल की जगह प्रियंका गांधी को कांग्रेस ने अपना उम्मीदवार बनाया है। साल 2019 में भी राहुल गांधी वायनाड सीट से ही लोकसभा पहुंचे थे।
नामांकन भरने के बाद प्रियंका गांधी ने क्या कहा?
इसे प्रियंका गांधी का पॉलिटिकल डेब्यू माना जा रहा है, क्योंकि ये पहला चुनाव है जिसमें प्रियंका गांधी बतौर उम्मीदवार उतरी हैं। इससे पहले वो कांग्रेस के लिए अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुकी हैं। नामांकन भरने के बाद प्रियंका गांधी ने कहा, ‘मैंने 1989 में अपने पिता के लिए चुनावी कैम्पेन किया था। तब मैं 17 साल की थी, उस बात को 35 साल हो चुके हैं। मैंने अपनी मां, अपने भाई और पार्टी के कई सहयोगियों के लिए प्रचार किया है। ये पहली बार है जब मैं खुद के लिए प्रचार कर रही हूं।’





