नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। भोपाल ने लाया गया यूनियन कार्बाइड का कचरा पीथमपुर में आज सुबह 10 बजे से जलाया जा रहा है। इसके लिए 9-9 किलो के पैकेट बनाए गए हैं जिन्हें नष्ट किया जा रहा है। इस पूरी प्रक्रिया में 3 दिन का समय लगेगा। कचरा जलाने को लेकर धार और इंदौर संभाग के लोग विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि यह आमजन में कैंसर का कारण बन सकता है। बता दें कि हाईकोर्ट के 18 फरवरी के निर्देश के बाद 27 तारीख से पीथमपुर की रामकी फैक्ट्री में रखे रासायनिक कचरे के निष्पादन के ट्रायल रन की तैयारी कल से ही शुरू कर दी गई थी।
900 डिग्री पर जलेगा 10 टन कचरा
एमपी पाल्यूशन कंट्रोल बोर्ड इंदौर के रीजनल ऑफिसर श्रीनिवास द्विवेदी ने बताया कि हाइकोर्ट के निर्देशानुसार 18 फरवरी से यूनियन कार्बाइड का कचरा हटाया जाना था जिसकी शुरूआत आज से हो चुकी है। पांचों कंटेनर में से 10 टन प्रॉपर प्रोपोर्शन से मिलाकर इंसीनेटर में फीड किया जाएगा। जब टेंपरेचर 850 हो जाएगा तब उसको फीड करेंगे। इंसीनेटर में प्रोसेस के समय प्राइमरी चेंबर में 850 प्लस माइनस 50 मतलब 800 से 900 के बीच में टेंपरेचर होना चाहिए।
कांग्रेस कर रही है कचरा जलाने का विरोध
एमपी कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने पीथमपुरा में कचरा जलाए जाने का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार इंदौर के पीथमपुरा में यूनियन कार्बाइड का कचरा लाई है तो इसमें सरकार का आर्थिक हित निहित है। सरकार केवल कोर्ट के आदेश का बहाना बना रही है। जीतू पटवारी ने कहा कि रामकी कंपनी जहां कचरा जलाया जा रहा है, वहां के 10 किलोमीटर के आस पास के भूजल की जांच करा लिजिए अगर उसमें कैंसर तत्व नहीं मिले तो मैं सार्वजनिक रूप से माफी मांगूंगा। यह सरकार भावी पीड़ी को कैंसर देना चाहती है।





