नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। दिल्ली के कथित शराब घोटाले में मनीष सिसोदिया के बाद एक और आरोपी को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल गई है। ये आरोपी भारत राष्ट्र समिति (BRS) की नेता के कविता (K. Kavitha) हैं। सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें ED व CBI केस में जमानत दी है। सर्वोच्च अदालत ने दोनों केस में 10-10 लाख रुपये के बॉन्ड पर उन्हें जमानत दी। हालांकि उन्हें अपना पासपोर्ट जमा करना होगा।
मनीष सिसोदिया को सुप्रीम कोर्ट ने दी थी जमानत
बता दें कि, दिल्ली के कथित शराब घोटाला मामले में सुप्रीम कोर्ट ने इससे पहले आम आदमी पार्टी के नेता और तत्कालीन दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया को जमानत दी थी। मनीष सिसोदिया 18 महीने बाद जेल से बाहर आए थे।
जांच एजेंसियों ने मोबाइल फॉर्मेट करने का लगाया आरोप
सुप्रीम कोर्ट में जांच एजेंसियों ने के कविता (K. Kavitha) की जमानत याचिका का विरोध करते हुए कहा कि BRS नेता के कविता ने मोबाइल फोन फॉर्मेट कर दिया है और उन्होंने सबूतों के साथ छेड़छाड़ की है। जांच एजेंसियों के इस आरोप पर के कविता (K. Kavitha) ने कहा कि मोबाइल फोन फॉर्मेट करने का आरोप फर्जी है। जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने जांच एजेंसियों से पूछा कि क्या सबूत है कि BRS नेता इस अपराध में शामिल थीं।
के कविता की ओर से वकील मुकुल रोहतगी ने रखा पक्ष
वहीं BRS नेता के कविता (K. Kavitha) की ओर से पेश हुए वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी ने सुप्रीम कोर्ट से कविता (K. Kavitha) को जमानत देने का अनुरोध करते हुए कहा कि उनके मुवक्किल के खिलाफ दोनों एजेंसियों की जांच पूरी हो गई है। इस दौरान उन्होंने दोनों मामलों में सह आरोपी व आप नेता मनीष सिसोदिया को जमानत देने के सुप्रीम कोर्ट के फैसले का भी हवाला दिया।
BRS नेता कृषांक ने सुप्रीम कोर्ट का जताया आभार
वहीं सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद BRS पार्टी के सदस्य कृषांक ने पोस्ट कर कहा कि “कविता को जेल में रहे 164 साल हो गए हैं। उनके खिलाफ कोई भी सबूत पेश नहीं किए गए। उनके खिलाफ लगाया गया झूठा आरोप भी सिद्ध नहीं किया जा सका। बीजेपी हार चुकी है और कविता जीत गई हैं। सुप्रीम कोर्ट का धन्यवाद”
क्या है मामला ?
बता दें कि, के कविता तेलंगाना के पूर्व सीएम के. चंद्रशेखर राव की बेटी हैं। उन्होंने दिल्ली शराब घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी ने इसी साल 15 मार्च को हैदराबाद से गिरफ्तार किया था। बाद में उन्हें CBI ने भी गिरफ्तार कर लिया था। कविता को लेकर ED ने दावा की है कि आप नेताओं के लिए विजय नायर और दूसरे लोगों को साउथ ग्रुप ने 100 करोड़ की रिश्वत दी थी। कविता उस साउथ ग्रुप का हिस्सा थीं।





