नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । मेरठ में सनसनीखेज सौरभ राजपूत हत्याकांड मामले में आरोपित मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल से पूछताछ जारी है। पुलिस को दोनों आरोपियों से घंटों पूछताछ में पता चला कि हत्या की साजिश के बीज नवंबर 2024 में ही बो दिए गए थे। मुस्कान गूगल पर मर्डर करने के नए-नए तरीके पिछले कई दिनों से सर्च कर रही थी।
पुलिस ने जानकारी देते हुए बताया कि सौरभ की हत्या तब की गई जब वह अपनी मां रेणु द्वारा बनाए गए लौकी के कोफ्ते लेकर घर लौटा था। तब मुस्कान ने मौके का फायदा उठाते हुए कोफ्ते को गर्म करके उसमें नशीली दवा मिला दी थी, जब सौरभ बेहोश हो गया तो उसे बेरहमी से मार डाला।
हत्या से पहले बनाया था पूरा प्लान
आरोपियों ने सौरभ की हत्या का बकायदा पूरा प्लान तैयार किया था, ताकि किसी को उन पर शक न हो। दोनों ने मिलकर यह प्लान किया था कि सौरभ की हत्या कैसे और कब करना है, वहीं शव को ठिकाने लगाने के लिए एक सुनसान जगह की तलाश की थी। इसके लिए वे एक गांव पहुंचे थे, जहां मृत जानवरों को दफनाया गया था। सौरभ के शव को ठिकाने लगाने के लिए उन्हें यही ठिकाना सही लगा था।
नींद की गोलियों का प्रिस्क्रिप्शन लेने के लिए डिप्रेशन का बहाना बनाया
22 फरवरी को मुस्कान नींद की गोलियों का प्रिस्क्रिप्शन हासिल करने के लिए डिप्रेशन का बहाना बनाकर डाॅक्टर के पास पहुंची थी। तब डॉक्टर के निर्देशों से भी वह संतुष्ट नहीं हुई और गूगल पर डिप्रेशन की दवाई सर्च की। इसके बाद उसने प्रिस्क्रिप्शन में नशीली दवाओं के नाम भी जोड़े और दवाईयां खरदी लींं।दोनों ने इसके बाद दो मांस काटने वाले चाकू खरीदे, रेजर और बड़ा पॉलीथीन बैग भी खरीदा था।
सो रहे सौरभ पर चाकू से ताबड़तोड़ हमले किए
एसपी (सिटी) आयुष विक्रम सिंह ने बताया कि 3 मार्च को सौरभ की हत्या तब की गई जब वह अपनी मां रेणु के घर से उनके हाथ के बने लौकी के कोफ्ते लेकर घर लौटा था। तब मुस्कान ने इस मौके का फायदा उठाया और उस कोफ्ते को गरम करके उसमें नशीली दवाएं मिला दी थीं। उसके बेहोश होने के बाद देर रात करीब एक बजे साहिल को घर बुलाया। दोनों ने एक साथ मिलकर चाकू सौरभ के सीने में घुसा दिया और हत्या कर दी। कत्ल करने के बाद सौरभ के दोनों हाथ और सिर काटकर एक बैग में बंद किए।
लाश का बाकी हिस्सा पॉलीथिन में बंद कर बेड में बंद कर दिया। इसके बाद 4 मार्च की सुबह शारदा रोड से सीमेंट और ड्रम खरीदने के बाद लाश को इसी ड्रम में बंद किया। बाद में सीमेंट का घोल बनाकर लाश पर ड्रम में डाल दिया। यहां से साहिल और मुस्कान दोनों हिमाचल फरार हो गए। 17 मार्च की रात को दोनों वापस आए। वापस आने के बाद मुस्कान ने अपने परिजनों के सामने हत्या करना कबूल किया। इसके बाद ही लाश बरामद की गई।
सुनसान जगह तलाशने के लिए दोस्तों किया था मैसेज
एसपी सिटी ने बताया कि दोनों ने योजना बनाई थी सौरभ की हत्या करके लाश के टुकड़े अलग-अलग तय की गई जगहों पर फेंक देंगे। इसके लिए मुस्कान ने अपने दोस्तों के व्हाट्सएप ग्रुप में पूछा था कि उसे कुछ पूजा पाठ का सामान किसी सुनसान जगह पर दबाना है और किसी को कोई जगह पता हो तो बताए।





