नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । बहुजन समाज पार्टी (BSP) की प्रमुख और राज्य की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने हाल ही में पूरी हुई 60,244 पदों की पुलिस भर्ती को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने सोशल मीडिया पर किए गए दो पोस्ट के माध्यम से सरकार के प्रचार पर सवाल उठाते हुए कहा कि जिस तरह से इस भर्ती प्रक्रिया का ढिंढोरा पीटा जा रहा है, उससे ऐसा लगता है जैसे यह कोई नई बात है। मायावती ने इस मुद्दे पर अपनी सरकार के कार्यकाल की भी याद दिलाई।
मायावती ने योगी सरकार पर साधा निशाना
BSP अध्यक्ष मायावती ने मंगलवार, 18 जून को लगातार दो पोस्ट कर उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि हाल ही में संपन्न हुई सिपाही भर्ती को ऐसे प्रचारित किया जा रहा है जैसे यह कोई बड़ी या नई बात हो, जबकि यह एक सामान्य और नियमित प्रक्रिया है, जिससे पुलिस विभाग में खाली पदों को भरा जा सके और बैकलॉग न बनने पाए। मायावती ने सवाल उठाया कि क्या इस भर्ती प्रक्रिया में सभी वर्गों को न्यायपूर्ण प्रतिनिधित्व मिला? साथ ही उन्होंने यह भी पूछा कि चयनित उम्मीदवारों की ट्रेनिंग को लेकर सरकार की क्या तैयारी है? उन्होंने इसे आम जनता की प्रमुख चिंता बताया।
अपनी सरकार की याद दिलाते हुए मायावती ने किया बड़ा दावा
मायावती ने अपने दूसरे पोस्ट में अपने कार्यकाल की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए योगी सरकार पर परोक्ष हमला बोला। उन्होंने कहा कि जब उत्तर प्रदेश में बहुजन समाज पार्टी की सरकार थी, तब “कानून द्वारा कानून का राज” की भावना के तहत न्यायपूर्ण माहौल तैयार किया गया था। उन्होंने दावा किया कि उस समय 1.20 लाख नए पुलिस पदों का सृजन कर भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष बनाया गया था। मायावती ने यह भी कहा कि उस दौरान प्रदेश में शांति व्यवस्था मजबूत थी और इसका लाभ समाज के हर वर्ग को बिना किसी भेदभाव के मिला। उन्होंने यह संकेत दिया कि वर्तमान सरकार में न सिर्फ कानून-व्यवस्था कमजोर हुई है, बल्कि पुलिस भर्ती की प्रक्रिया पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।





