नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । गोवा नाइटक्लब अग्निकांड मामले के मुख्य आरोपी गौरव और सौरभ लूथरा के पासपोर्ट सस्पेंड कर दिए गए हैं। आग लगने की इस भयावह घटना में पिछले हफ्ते 25 लोगों की मौत हुई थी और हादसे के कुछ ही घंटों बाद दोनों भाई थाईलैंड भाग गए थे। अब पासपोर्ट रद्द होने के बाद वे फुकेट से आगे यात्रा नहीं कर पाएंगे। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम अंतरराष्ट्रीय सहयोग और इंटरपोल के माध्यम से उनके प्रत्यर्पण को सरल बनाने में मदद करेगा।
सूत्रों के अनुसार, गोवा सरकार ने विदेश मंत्रालय को औपचारिक अनुरोध भेजा था, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई। मंगलवार को इंटरपोल ने दोनों के खिलाफ ‘ब्लू कॉर्नर नोटिस’ जारी किया है और बताया जा रहा है कि लूथरा भाई फुकेट में छिपे हुए हैं।
भारत लौटने से पहले कानूनी सुरक्षा की मांग कर रहे लूथरा भाई
जांच के अनुसार, गौरव और सौरभ लूथरा ने 7 दिसंबर की रात लगभग 1:17 बजे थाईलैंड की यात्रा के लिए टिकट बुक किए थे। यह वही समय था जब उनके क्लब ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ (अरपोरा) में आग लगी और पुलिस तथा दमकल कर्मी आग बुझाने में जुटे थे। हालांकि, अदालत में लूथरा भाइयों का कहना है कि उनकी यात्रा पहले से निर्धारित थी। उनके वकील ने दिल्ली की रोहिणी कोर्ट को बताया कि सौरभ 6 दिसंबर को ही ‘काम के सिलसिले में’ थाईलैंड गए थे। वकील के अनुसार, दोनों भाई भारत लौटते समय तत्काल गिरफ्तारी से बचने के लिए कानूनी सुरक्षा की मांग कर रहे हैं।
लूथरा भाइयों को कोर्ट से नहीं मिली अंतरिम राहत
बुधवार को अदालत ने गौरव और सौरभ लूथरा को अंतरिम राहत देने से इंकार कर दिया। दोनों की अग्रिम जमानत याचिका की सुनवाई अब गुरुवार के लिए निर्धारित की गई है। सीनियर एडवोकेट सिद्धार्थ लूथरा और तनवीर अहमद मीर अदालत में भाइयों की तरफ से पेश हुए। उन्होंने दावा किया कि जैसे ही दोनों भारत लौटेंगे, उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। उनके वकील ने कहा “हम भारत लौटना चाहते हैं, लेकिन गिरफ्तारी का डर है और हमें ‘witch-hunting’ का भय है।”





