नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क । हाल ही में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री विदेश में करीब महीने की यात्रा कर वापस छतरपुर (मध्य प्रदेश) लौट आए हैं। उन्होंने इटावा में कथित कथावाचक मामले में अपनी अपनी प्रतिक्रिया दी, कहा कि यह घटना अत्यंत निंदनीय है। साथ ही राजनेताओं द्वारा जातिवाद, क्षेत्रवाद और भाषावाद के नाम पर की जा रही राजनीति की निंदा की। वहीं, अब इस बीच बिना नाम लिए समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव की टिप्पणी पर भी पलटवार किया।
धीरेंद्र शास्त्री ने कहा, “हमारे जीवन में बोलने से ज्यादा सहना पड़ता है। मैं सह-सहकर साधु बना, इसलिए मैं आज यहां हूं। यह जीवन बड़ा कठिन और चुनौतियों से भरा है। हमारे ऊपर टिप्पणी करने वालों की रोटी पच रही है, भगवान करें उनकी रोटी पचती रहे। हम तो सनातन के लिए जिएंगे और सनातन के लिए मरेंगे, हिंदुओं के लिए जिएंगे और हिंदुओं के लिए मरेंगे।”
क्या बोले थे अखिलेश यादव?
बता दें कि, यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने इटावा में हुई कथावाचक से मारपीट मामले में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बयान दिया। उन्होंने कहा कि “कई कथावाचक 50 लाख रुपए तक लेते हैं। किसी की हैसियत है कि कथा के लिए धीरेंद्र शास्त्री को अपने घर बुला ले। कई कथावाचक लाखों रुपये अंडर टेबल लेते हैं। पता करवा लीजिए कि धीरेंद्र शास्त्री अंडरटेबल नहीं लेते हैं या नहीं।
कैंसर अस्पताल पर बोले बागेश्वर बाबा
4 जुलाई को हमारा जन्मोत्सव है। इस दिन हमारी आयु एक वर्ष और कम हो जाएगी। मेरे इस खास दिन के मौके पर मैं सभी से प्रार्थना और अपील करता हूं कि हमें उपहार में अस्पताल के लिए एक-एक ईंट दान करें, ताकि इस अस्पताल से बुंदेलखंड का कल्याण हो सके।
फिजी में बनेगा बागेश्वर मठ
पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री ने अपनी बातचीत में बताया कि, विश्व के बिखरे हिंदुओं को एक सूत्र में बांधने के लिए यह विदेश यात्रा थी। दुनिया भर में करीब 140 करोड़ हिंदू हैं, जिन्हें एकजुट करने का यह प्रयास था। फिजी में रहने वाले भारतीय, जो अपने घरों में ध्वज और तिलक लगाते हैं, उनके बीच कथा का आयोजन हुआ। फिजी सरकार के पीएम भी इस कार्यक्रम में जुडे। और बागेश्वर मठ के लिए जमीन दान दी है। हम जल्द ही फिजी में बागेश्वर मठ का निर्माण करेंगे।





