नई दिल्ली,रफ्तार डेस्क। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को वाराणसी दौरे पर पहुंचे। दौरे की शुरुआत उन्होंने विश्व प्रसिद्ध काशी विश्वनाथ धाम से की, जहां उन्होंने भगवान काशी विश्वनाथ का विधि-विधान से अभिषेक और पूजा-अर्चना की। इसके बाद मुख्यमंत्री काल भैरव मंदिर पहुंचे और दर्शन किए। मुख्यमंत्री का यह दौरा खास तौर पर मणिकर्णिका घाट पर चल रहे पुनर्विकास कार्य को लेकर मचे राजनीतिक विवाद के बीच बेहद अहम माना जा रहा है।
मणिकर्णिका घाट का किया निरीक्षण, प्रेस से की बातचीत
काशी विश्वनाथ और काल भैरव मंदिर में पूजा के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मणिकर्णिका घाट पहुंचे, जहां उन्होंने चल रहे विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। इसके बाद सर्किट हाउस में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर उन्होंने विपक्ष के आरोपों पर तीखा जवाब दिया। सीएम योगी ने कहा कि कुछ लोग जानबूझकर काशी को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि टूटी हुई मूर्तियों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर डालकर भ्रम फैलाया जा रहा है, जबकि सच्चाई इससे बिल्कुल अलग है।
‘काशी अविनाशी है, हर सनातनी की आस्था का केंद्र’
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा,“काशी अविनाशी है। हर सनातनी के मन में काशी के प्रति गहरी श्रद्धा है। आज काशी को वैश्विक पहचान मिली है। बीते 11 वर्षों में काशी का अभूतपूर्व विकास हुआ है और इसका प्रतिनिधित्व देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि काशी के विकास में विरासत और आधुनिकता, दोनों का संतुलन रखा जा रहा है। सीएम योगी ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले काशी की स्थिति बेहद खराब थी। उन्होंने कहा, “उस समय घाटों की हालत खराब थी, गंगा का पानी स्नान योग्य नहीं था। आज स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। नमो घाट देश का सबसे बड़ा घाट बन चुका है, सड़कें फोरलेन हैं, जाम की समस्या खत्म हुई है और देशभर से ट्रेन सेवाएं उपलब्ध हैं।
‘विकास के नाम पर मंदिर तोड़ने का आरोप झूठा’
मणिकर्णिका घाट को लेकर उठे विवाद पर मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि वहां कोई मंदिर नहीं तोड़ा गया है। उन्होंने कहा कि घाट पर चल रहा काम सीएसआर फंड से हो रहा है, न कि सरकारी खजाने से। सीएम योगी ने कहा, “सनातन धर्म में अंतिम संस्कार का विशेष महत्व है। पहले लोग अपने प्रियजनों को सम्मानजनक विदाई भी नहीं दे पाते थे। आज सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं, लेकिन कुछ लोग इसे गलत रंग देकर बदनाम करने में लगे हैं। मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ राजनीतिक दल और संगठन विकास कार्यों में बाधा डाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि अहिल्याबाई होल्कर जैसी महान शासिका को कांग्रेस ने कभी सम्मान नहीं दिया, लेकिन आज विकास कार्यों को लेकर झूठ फैलाया जा रहा है।





