नई दिल्ली / रफ्तार डेस्क । जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को हुए आतंकी हमले में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देने के लिए दिल्ली में ट्रेड यूनियनों ने आज 25 अप्रैल को एक दिवसीय बंद का आह्वान किया है। इस भयावह घटना में 26 लोगों की मौत के शोक में शुक्रवार को राष्ट्रीय राजधानी में पूर्ण बाजार बंद रखने का निर्णय लिया गया है। इस बीच, अखिल भारतीय व्यापारी परिसंघ (CAIT) ने बंद को अपना पूर्ण समर्थन देते हुए व्यापारियों से स्वेच्छा से बंद रखने की अपील की है। आइये जानते हैं कि क्या खुला रहेगा और क्या बंद रहेगा?
बंद रहने वाले प्रमुख बाजार
दिल्ली बंद के आव्हान में खान मार्केट ट्रेडर्स एसोसिएशन, NDTA और ग्रीन पार्क व्यापार मंडल ने हिस्सा लेने का फैसला किया है। रिपोर्ट के अनुसार, इस कदम का समर्थन करने वाले अन्य बाजारों में भागीरथ प्लेस, गांधी नगर, करोल बाग, सदर बाजार, राजौरी गार्डन मार्बल एसोसिएशन, किराना कमेटी खारी बावली, मोरी गेट, नया बाजार, हौजकाजी, मीना बाजार, मटिया महल, दरियागंज, हिंदुस्तान मर्केंटाइल चांदनी चौक, नई सड़क, बुलियन एसोसिएशन, खारी बावली, चावड़ी बाजार, कश्मीरी गेट, जामा मस्जिद, चांदनी चौक आदि शामिल हैं।
बैंक, मेट्रो, सरकारी कार्यालय सामान्य रूप से संचालित होंगे
हालांकि, आज के बंद के बारे में अभी तक दिल्ली सरकार या पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। इसलिए, यह शहर में बैंकों और अन्य सरकारी प्रतिष्ठानों या कार्यालयों पर लागू नहीं हो सकता है। विशेष रूप से जो लोग ट्रेड यूनियन के बंद में भाग नहीं लेना चाहते हैं, वे हमेशा की तरह काम करेंगे। साथ ही, दिल्ली मेट्रो सेवाएं और अन्य सार्वजनिक परिवहन सामान्य रूप से काम करना जारी रखेंगे।
दिल्ली में व्यापारियों का सहानुभूति मार्च और बंद का आह्वान
दिल्ली के प्रतिष्ठित बाजार चांदनी चौक से लेकर लाल किले तक 25 अप्रैल को सुबह 10:45 बजे एक सहानुभूति मार्च आयोजित किया गया, जिसका नेतृत्व सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने किया। यह मार्च अखिल भारतीय व्यापारी परिसंघ (CAIT) की ओर से आतंकवादी हमले के विरोध में निकाला जा रहा है। इस अमानवीय घटना से व्यापारिक समुदाय में गहरा शोक और आक्रोश व्याप्त है। शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करने तथा आतंकवाद के विरुद्ध राष्ट्र के साथ एकजुटता प्रदर्शित करने के उद्देश्य से, दिल्ली के प्रमुख व्यापारिक संगठनों ने 25 अप्रैल को सम्पूर्ण दिल्ली के बाजारों को पूर्ण रूप से बंद रखने का निर्णय लिया है।
स्वेच्छा से अपने प्रतिष्ठान बंद रखने का आव्हान
सीएआईटी ने इस बंद का समर्थन करते हुए दिल्ली के समस्त व्यापारियों से अनुरोध किया है कि वे स्वेच्छा से अपने प्रतिष्ठान बंद रखें और इस बंद को पूरी तरह शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न करें। साथ ही परिसंघ ने दिल्ली पुलिस और प्रशासन से अपील की है कि बंद के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखें और सभी क्षेत्रों में सौहार्दपूर्ण वातावरण सुनिश्चित करें।
गौरतलब है कि दिल्ली बंद जम्मू-कश्मीर के व्यापारी संगठनों द्वारा 23 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले की निंदा करने के लिए इसी तरह के बंद का आयोजन करने और विरोध मार्च निकालने के बाद किया गया है। इस बर्बर घटना ने पूरे भारत और दुनिया भर में सनसनी फैला दी है।





