नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। हिमाचल प्रदेश के लाहौल-स्पीति जिले की पहाड़ियों में 56 साल पहले दुर्घटना का शिकार हुए एक विमान के मलबे से 4 शव बरामद किए गए हैं। दरअसल इंडियन एयरफोर्स का एक विमान AN-12 साल 1968 में दुर्घटना का शिकार हो गया था। जिसके मलबे को भारतीय सेना के एक अभियान दल ने खोज निकाला। जहां से उन्हें 4 शव बरामद हुए। इस विमान में 102 सेना के जवान सवार थे। यह विमान चंडीगढ़ से लेह के लिए उड़ा था, लेकिन मौसम खराब होने की वजह से लाहौल-स्पीति की पहाड़ियों में खो गया था।
सेना के एक अभियान दल ने खोजा शवों के अवशेष
इस संबंध में लाहौल-स्पीति के एसपी मयंक चौधरी ने एक न्यूज एजेंसी को बताया कि सैटेलाइट फोन के जरिये सेना के एक अभियान दल से उन्हें ये जानकारी प्राप्त हुई। यह दल लाहौल-स्पीति के दूरस्थ क्षेत्र चंद्रभागा-13 की चोटी के पास बातल में पर्वतारोहण अभियान चला रहा था। इसी दौरान उन्होंने जानकारी दी कि उन्हें 4 शव मिले हैं। प्रारंभिक जांच के आधार पर अनुमान लगाया जा रहा है कि ये शव 1968 के इंडियन एयरफोर्स के AN-12 विमान दुर्घटना से जुड़े हो सकते हैं।
इंडियन एयरफोर्स का विमान 1968 में हुआ था दुर्घटना का शिकार
एसपी मयंक चौधरी ने आगे बताया कि यह खोज 1968 में हुआ इंडियन एयरफोर्स का विमान दुर्घटना भारतीय सैन्य इतिहास की सबसे दुखद घटनाओं में से एक है। यह खोज उसी विमान दुर्घटना में मारे गए लोगों को खोजने के प्रयास का हिस्सा है।
2018 में मिला था एक और सैनिक का शव
साल 2018 में भी विमान के अवशेष और एक सैनिक का शव 6200 मीटर की ऊंचाई पर स्थित ढाका ग्लेशियर बेस कैंप के पास मिला था। यह खोज वहां पर गए पर्वतारोहियों के द्वारा की गई थी। पर्वतारोहियों की ये टीम चंद्रभागा-13 चोटी की सफाई अभियान का हिस्सा थी। एसपी चौधरी ने बताया कि सेना अभियान दल अब चारों अवशेषों को वापस लाने की प्रक्रिया में है।




