नई दिल्ली/रफ्तार डेस्क। भारतीय क्रिकेट के उभरते सितारे वैभव सूर्यवंशी ने बेहद कम उम्र में ऐसी उपलब्धि हासिल कर ली है, जो बड़े-बड़े खिलाड़ियों के लिए भी सपना होती है। सिर्फ 14 साल की उम्र में क्रिकेट की दुनिया में धमाकेदार एंट्री करने वाले वैभव को अब भारत सरकार की ओर से देश के सबसे बड़े बाल सम्मान से नवाजा गया है। बिहार के इस होनहार बल्लेबाज को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित किया गया, जिसे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित विशेष समारोह में अपने हाथों से प्रदान किया।
क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन के चलते वैभव शुक्रवार को विजय हजारे ट्रॉफी में बिहार टीम का दूसरा मुकाबला नहीं खेल सके। जिस समय बिहार की टीम मैदान पर थी, उसी वक्त वैभव राजधानी दिल्ली में राष्ट्रपति भवन से जुड़े कार्यक्रम में शामिल थे। हाल ही में वैभव ने विजय हजारे ट्रॉफी के अपने पहले ही मैच में ताबड़तोड़ 190 रन की ऐतिहासिक पारी खेलकर पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींचा था।
समारोह के दौरान जब विज्ञान भवन में वैभव का नाम पुरस्कार के लिए पुकारा गया, तो पूरा सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। इस दौरान वैभव नारंगी रंग का ब्लेजर और सफेद कुर्ता-पायजामा पहने नजर आए। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने न सिर्फ उन्हें पुरस्कार दिया, बल्कि उनके खेल और उज्ज्वल भविष्य की भी सराहना की।
कम उम्र में इतनी बड़ी उपलब्धियां हासिल करने वाले वैभव सूर्यवंशी अब भारतीय क्रिकेट का भविष्य माने जा रहे हैं। मैदान पर उनके बल्ले से निकलते रन और अब देश का सबसे बड़ा बाल सम्मान इस बात का संकेत हैं कि आने वाले समय में यह नाम भारतीय क्रिकेट में और भी ऊंचाइयों तक जाएगा।
वॉट्सऐप पर भी जुड़ें हमारे साथ, जॉइन करें Raftaar News |





