Sandeshkhali: 55 दिनों से फरार, 43 केस, ममता-केंद्र बवाल, कोर्ट का आदेश, CBI के शिकंजे में आया शाहजहां शेख

Kolkata News: संदेशखाली में ED अधिकारियों पर हमला कराने का मुख्य आरोपी शाहजहां शेख को आखिरकार CBI ने हिरासत में ले ही लिया।
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नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। संदेशखाली में महिलाओं के साथ दुष्कर्म के मामला पिछले 2 महीने से देशभर में चर्चा रही। संदेशखाली में ED अधिकारियों पर हमला कराने का मुख्य आरोपी शाहजहां शेख को बंगाल CID ने CBI को सौंपा है। बुधवार को देर रात तक CBI ने TMC नेता शाहजहां शेख से पूछताछ की।

ममता सरकार ने किया विरोध

ममता सरकार ने CBI को शाहजहां शेख को सौंपने से नाराजगी जताई थी। राज्य सरकार ने कहा कि CBI इस मामले में जांच करने में सक्षम है। ममता सरकार ने शाहजहां शेख के बचाव में कलकत्ता हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया लेकिन कोर्ट ने ममता सरकार को फटकार लगाकर शाहजहां शेख को CBI को सौंपने का आदेश दिया।

केंद्र और ममता सरकार के बीच जबरदस्त टक्कर

TMC नेता शाहजहां शेख के भाई और उसके समर्थकों द्वारा संदेशखाली में महिलाओं के साथ यौन-उत्पीड़न और मछली पालन के लिए आदिवासियों से जबरदस्ती कर के अवैध तरीके से उनकी जमीन छिनने के मामले में केंद्र सरकार और ममता सरकार के बीच पिछले 2 महीने से भीषण टक्कर चली। संदेशखाली में पीड़ितों से मिलने गए BJP के नेताओं और कार्यकर्ताओं को बंगाल पुलिस ने रोका। संदेशखाली में धारा 144 लागू कर दी। ताकि एक जगह पर 5 से ज्यादा लोग एकत्रित न हों।

55 दिनों तक रहा फरार शाहजहां शेख

कलकत्ता हाई कोर्ट ने 25 फरवरी को शाहजहां शेख की गिरफ्तारी के लिए बंगाल पुलिस को आदेश दिया था। बंगाल पुलिस ने शाहजहां शेख के खिलाफ ऐक्शन लेते हुए 3 दिन के अंदर शाहजहां शेख को कोर्ट में पेश किया। शाहजहां शेख 55 दिनों से फरार था। शाहजहां शेख पर कुल 43 केस दर्ज हैं। शाहजहां शेख को TMC नेता और पूर्व खाद्य मंत्री ज्योतिप्रिय मलिक का करीबी माना जाता है। वे ज्योतिप्रिय मलिक को अपना राजनीतिक गुरु मानता है।

शाहजहां शेख पर क्यों चला ED का डंडा?

पश्चिम बंगाल में राशन वितरण घोटाले में 5 जनवरी को ED की टीम संदेशखाली में शाहजहां शेख के आवास पर जांच करने पहुंची थी। संदेशखाली में शाहजहां शेख ने करीब 200 समर्थकों को ED अधिकारियों पर हमला करने का आदेश दिया। इस हिंसक हमले में ED के 3 अधिकारी घायल हो गए।

संदेशखाली का मामला आग की तरह कैसे फैला?

संदेशखाली में ED की टीम जब शाहजहां शेख के राशन वितरण घोटाले की जांच कर रही थी। वहां की महिलाएं पिछले कुछ समय से यौन उत्पीड़न के खिलाफ शिकायत दर्ज करा रहीं थीं। लेकिन उनकी शिकायतों पर न तो कोई कार्यवाई हुई और न ही आरोपियों के खिलाफ कोई जांच शुरु हुई। संदेशखाली का राज छुपने में ज्यादा समय नहीं लगा। आखिरकार दुनिया के सामने इसके सारे राज खुल गए। महिलाओं के विरोध प्रदर्शन से संदेशखाली में फिर से सूरज उगने लगा है।

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