— पीएमएसएमए दिवस पर गर्भवती महिलाओं की हुई प्रसव पूर्व जांच — पोषण व परिवार नियोजन पर भी रहा जोर, सुविधाओं की दी गई जानकारी कानपुर, 09 जून (हि.स.)। गर्भावस्था व प्रसव के समय होने वाले खतरों से मातृ एवं शिशु को बचाने के लिए प्रसव पूर्व जांच बहुत जरुरी है। इसके साथ ही सतर्कता के साथ गर्भवती मां को खास होने का एहसास दिलाते हुए प्रत्येक नौ तारीख को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ प्रदान करने के लिए उन्हें निकटतम स्वास्थ्य केंद्र में जरुर लायें, ताकि निशुल्क जांचों और सेवाओं का भरपूर लाभ मिल सके। यह बातें बुधवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएसए) दिवस पर मुख्य चिकित्साधिकारी डा. नेपाल सिंह ने कही। मातृ मृत्यु दर में कमी लाने और गर्भवती को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने के उद्देश्य से जिला महिला अस्पताल सहित स्वास्थ्य इकाइयों पर बुधवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएसए) दिवस मनाया गया। इसके तहत गर्भवती की प्रसव पूर्व जांच, उच्च जोखिम वाली गर्भावस्था (हाई रिस्क प्रेगनेंसी) की पहचान, पोषण, परिवार नियोजन तथा प्रसव स्थान के चयन के बारे में काउंसलिंग की गई। इसके साथ ही कोविड-19 से बचाव के लिये जारी किए गए प्रोटोकॉल का भी पालन किया गया। अपर मुख्य चिकित्साधिकारी (प्रजनन एवं बाल स्वास्थ्य) डा. एके सिंह का कहना है कि मातृ मृत्यु दर को कम करने के लिए सरकार व स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के जरिए परिवार नियोजन को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। डा. सिंह ने बताया कि हर माह की नौ तारीख को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर गर्भवती के लिये जांच शिविर लगाया जाता है। हिन्दुस्थान समाचार/महमूद





